Hardoi News: हरदोई में अवैध प्लॉटिंग पर प्रशासन का शिकंजा, 11 जगह मिली अनियमितता; धारा-10 में कार्रवाई की तैयारी
विनियमित क्षेत्र हरदोई में बिना स्वीकृत ले-आउट के संचालित की जा रही अनधिकृत प्लॉटिंग के खिलाफ प्रशासन ने कार्रवाई की तैयारी
INA न्यूज़ डेस्क, हरदोई
हरदोई। विनियमित क्षेत्र हरदोई में बिना स्वीकृत ले-आउट के संचालित की जा रही अनधिकृत प्लॉटिंग के खिलाफ प्रशासन ने कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। नियत प्राधिकारी, विनियमित क्षेत्र हरदोई के निर्देश पर 28 सितंबर 2026 को विभिन्न क्षेत्रों में किए गए निरीक्षण के दौरान अनधिकृत प्लॉटिंग के 11 मामले सामने आए। निरीक्षण में कसरावां, अमेंग बेहटा, ग्राम कोरिया, ग्राम महोलिया शिवपार, ग्राम आशा और ग्राम मुरलीपुरवा सहित अन्य स्थानों पर बिना ले-आउट स्वीकृति के प्लॉटिंग किए जाने की जानकारी सामने आई। जांच के दौरान संबंधित प्लॉटिंगकर्ताओं और भू-स्वामियों का विवरण भी दर्ज किया गया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, कसरावां में उदित अग्रवाल पुत्र सुयश अग्रवाल निवासी अहिंसा खंड, इंद्रापुरम, गाजियाबाद और अमेंग बेहटा में शशि कुमार पुत्र भगवानदीन निवासी अब्बुल पुरवा, हरदोई का नाम दर्ज किया गया है। ग्राम कोरिया में अंकित गुप्ता पुत्र आशाराम गुप्ता निवासी ग्राम खेरवा तथा सत्येंद्र मिश्रा पुत्र अवधेश कुमार मिश्रा निवासी प्रगति नगर, हरदोई का उल्लेख है। इसी क्रम में ग्राम महोलिया शिवपार में विरेंद्र पुत्र जैचन्द्र निवासी ग्राम मदिया, हरदोई का नाम सामने आया है। ग्राम आशा से विजय सिंह पुत्र सुरेश पाल सिंह, कुबेर, जगन्नाथ आदि निवासी ग्राम कसिया, सीतापुर रोड, राघवेंद्र शुक्ला निवासी महोलिया शिवपार और अतुल मिश्रा पुत्र रमेश मिश्रा निवासी बनियानी पुरवा के नाम रिपोर्ट में दर्ज हैं।
वहीं ग्राम मुरलीपुरवा में अजय अग्रवाल पुत्र श्री बालकृष्ण अग्रवाल निवासी रेलवेगंज, हरदोई तथा ग्राम आशा में आबिद पुत्र रहमान आदि निवासी बन्धरहिया पुरवा, मजरा आशा, हरदोई का नाम रिपोर्ट में शामिल किया गया है।निरीक्षण रिपोर्ट में कहा गया है कि इन सभी प्रकरणों में आरबीओ एक्ट, 1958 की धारा-10 के तहत कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। इसके तहत प्रथम सूचना रिपोर्ट और कारण बताओ नोटिस तैयार कर नियत प्राधिकारी के अनुमोदन एवं हस्ताक्षर के लिए प्रस्तुत किए गए हैं। प्रशासन की इस कार्रवाई से विनियमित क्षेत्र में बिना स्वीकृति प्लॉटिंग कराने वालों में खलबली मची हुई है। अब संबंधित मामलों में नियत प्राधिकारी के अनुमोदन के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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