Ram Mandir CEO Jitendra Mishra in Ayodhya: 'राष्ट्र सेवा के बाद अब प्रभु राम की सेवा', नवनिर्युक्त सीईओ ने संभाला जिम्मा
Ram Mandir Trust CEO: पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पहले सीईओ बनने के बाद अयोध्या पहुंचे। उन्होंने इसे प्रभु राम का आशीर्वाद बताया।
- First CEO of Ram Mandir Trust: राम मंदिर के पहले सीईओ पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र पहुंचे अयोध्या, बोले- यह भगवान का आशीर्वाद है
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- अयोध्या पहुंचे श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के नव नियुक्त CEO पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र, बोले- प्रभु राम की कृपा से मिला दायित्व
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पहले मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त होने के बाद भारतीय वायुसेना के पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र 3 सितंबर 2026 को अयोध्या पहुंचे। देवरिया जिले के मूल निवासी और हाल ही में वायुसेना से सेवानिवृत्त हुए जितेंद्र मिश्र ने इस नई जिम्मेदारी को लेकर कहा कि देश सेवा और राष्ट्र रक्षा के बाद अब उन्हें भगवान श्रीराम की सेवा करने का अवसर मिला है, जो उनके जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य और प्रभु की विशेष कृपा है। 5500 से अधिक आवेदनों की कड़ी प्रक्रिया के बाद चयन समिति द्वारा चुने गए जितेंद्र मिश्र अब राम मंदिर परिसर के प्रशासनिक संचालन, श्रद्धालुओं की सुविधाओं और वित्तीय पारदर्शिता की कमान संभालेंगे।
अयोध्या स्थित भव्य श्रीराम मंदिर परिसर के सुचारू संचालन और प्रशासनिक ढांचे को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने पहली बार पूर्णकालिक मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) की नियुक्ति की है। वायुसेना की पश्चिमी कमान के प्रमुख रह चुके सेवानिवृत्त एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र को इस महत्वपूर्ण पद का दायित्व सौंपा गया है।
अपनी नियुक्ति के तुरंत बाद अयोध्या पहुंचे नवनिर्युक्त सीईओ का ट्रस्ट के पदाधिकारियों और स्थानीय नागरिकों द्वारा स्वागत किया गया। राम मंदिर के प्रशासनिक इतिहास में यह एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है, क्योंकि अब तक ट्रस्ट के पदाधिकारी और समितियां ही संयुक्त रूप से प्रबंधन देखती आ रही थीं।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की मणिरामदास छावनी में आयोजित अहम बैठक में सर्च कमेटी की संस्तुति के आधार पर पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र के नाम पर अंतिम मुहर लगाई गई थी। इस पद के लिए देश भर से कुल 5585 आवेदन प्राप्त हुए थे। दिल्ली-एनसीआर, पुणे और ओडिशा में विशेषज्ञों की टीमों द्वारा बहुस्तरीय मूल्यांकन और कठिन साक्षात्कार प्रक्रिया के बाद अंतिम तीन नामों का पैनल तैयार किया गया था, जिसमें से जितेंद्र मिश्र को सर्वाधिकार योग्य पाते हुए चयन किया गया।
जीतेंद्र मिश्र ने 39 वर्षों तक वायुसेना में अपनी गौरवशाली सेवाएं दी हैं। वे ऑपरेशन सिंदूर और कारगिल युद्ध के दौरान अहम भूमिकाएं निभा चुके हैं तथा उन्हें सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल व विशिष्ट सेवा मेडल से सम्मानित किया जा चुका है। 30 अप्रैल 2026 को रिटायर होने के बाद अब उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर की प्रशासनिक कमान संभाली है।
अयोध्या पहुंचने पर उन्होंने श्रीरामलला के दर्शन-पूजन किए और मीडिया से बात करते हुए भावुक होकर कहा कि वायुसेना के कॉकपिट से निकलकर अब प्रभु श्री राम के चरणों में सेवा देना उनके लिए एक नया और अत्यंत पावन अध्याय है।
अपनी नई जिम्मेदारी पर बोलते हुए नवनिर्युक्त सीईओ जितेंद्र मिश्र ने कहा, "इतने अभ्यर्थियों के बीच से मुझे चुना जाना मेरा बहुत बड़ा सौभाग्य है। 39 साल देश की सीमा और राष्ट्र की सेवा करने के बाद अब प्रभु राम के काज में योगदान देने का अवसर मिलना केवल और केवल ईश्वर की कृपा है। ट्रस्ट के विश्वास पर खरा उतरने के लिए मैं अपनी पूरी क्षमता और पेशेवर अनुभव का उपयोग करूंगा।"
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि भारतीय वायुसेना में उच्च पदों पर कार्य करने का उनका लंबा प्रशासनिक और रणनीतिक अनुभव मंदिर प्रबंधन को एक नया अनुशासन प्रदान करेगा। वहीं, स्थानीय साधु-संतों और रामभक्तों ने भी एक अनुशासित सैन्य अधिकारी को यह जिम्मेदारी मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त की है।
राम मंदिर के इस नए प्रशासनिक मॉडल के लागू होने से मंदिर संचालन में बड़ा नीतिगत बदलाव आएगा। अब धार्मिक परंपराओं और प्रशासनिक कार्यों के बीच स्पष्ट विभाजन होगा। पूजा-पद्धति, अनुष्ठान और धार्मिक निर्णय ट्रस्ट की धार्मिक समिति के अधीन रहेंगे, जबकि कर्मचारियों का प्रबंधन, वित्तीय निगरानी, सुरक्षा समन्वय और दैनिक सुविधाएं सीईओ व्यवस्था के अंतर्गत काम करेंगी।
प्रतिदिन अयोध्या पहुंचने वाले लाखों श्रद्धालुओं की दर्शन व्यवस्था को सुगम बनाना, क्राउड मैनेजमेंट, वीआईपी विजिट्स को व्यवस्थित करना और दान-चढ़ावे में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखना नए सीईओ के सामने सबसे प्रमुख चुनौतियां होंगी।
अयोध्या में पदभार ग्रहण करने के बाद नवनिर्युक्त सीईओ जितेंद्र मिश्र राम मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों, इंजीनियरों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक करेंगे। मंदिर परिसर के चालू निर्माण कार्यों, सुरक्षा प्रोटोकॉल और श्रद्धालुओं के लिए बुनियादी सुविधाओं के विस्तार पर विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
इसके साथ ही डिजिटल टोकन प्रणाली, स्वचालित सुविधाएं और भक्तों के लिए सुगम कतार प्रबंधन जैसी आधुनिक प्रणालियों को लागू करने की दिशा में जल्द ही ठोस कदम उठाए जाने की उम्मीद है।
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