गोरखपुर में विजयादशमी पर निकलेगी भव्य शोभायात्रा, गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ करेंगे श्रीराम का राजतिलक
गोरखपुर में विजयादशमी पर गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में निकलेगी भव्य विजय शोभायात्रा। मानसरोवर मैदान में होगा भगवान श्रीराम का राजतिलक।
असत्य पर सत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का महापर्व विजयादशमी गोरक्षपीठ की पुरातन परंपरा और सामाजिक एकता के भव्य दर्शन के साथ मनाया जा रहा है। पावन अवसर पर गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ महायोगी गुरु गोरखनाथ का शास्त्रीय विधि-विधान से विशेष अर्चन कर गोरखनाथ मंदिर परिसर से निकलने वाली ऐतिहासिक विजय शोभायात्रा की कमान संभालेंगे। नगाड़ों, तुरही और पारंपरिक वाद्यों की गूंज के साथ प्रस्थान करने वाला यह भव्य जुलूस न केवल सनातन संस्कृति की आस्था का विस्तार करता है, बल्कि समूचे समाज को आपसी भाईचारे और समरसता की एक सूत्र में पिरोने का अनूठा उदाहरण भी प्रस्तुत करता है।
गोरक्षपीठ की यह पारंपरिक शोभायात्रा सामाजिक ताने-बाने को सुदृढ़ करने के लिए देश भर में प्रसिद्ध है। इस यात्रा की सबसे खास बात यह रहती है कि गोरक्षपीठाधीश्वर के स्वागत के लिए मुख्य प्रवेश द्वार से आगे बड़ी संख्या में अल्पसंख्यक समाज के नागरिक घंटों पहले से पुष्पमालाएं लेकर कतारबद्ध खड़े रहते हैं और खुले दिल से स्वागत कर गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल पेश करते हैं। पीठ की यह परंपरा हर वर्ग और समुदाय को अपने साथ जोड़कर लोक कल्याण की भावना को सर्वोपरि रखने का संदेश देती है।
उत्सव की शुरुआत सुबह शिवावतार गुरु गोरखनाथ के विशेष पूजन-अर्चन और मंदिर प्रांगण में स्थापित समस्त देव विग्रहों की विधिवत आराधना के साथ होगी। इसके पश्चात दोपहर के समय मंदिर के मुख्य सभागार में पारंपरिक तिलकोत्सव का आयोजन होगा, जिसमें दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं को गोरक्षपीठाधीश्वर तिलक लगाकर अपना शुभाशीष प्रदान करेंगे। इसके बाद नाथ संप्रदाय के विशेष पारंपरिक परिधान में सुसज्जित होकर गोरक्षपीठाधीश्वर गुरु गोरखनाथ की चरण वंदना कर अपने सुसज्जित वाहन पर सवार होंगे और शोभायात्रा मानसरोवर की ओर प्रस्थान करेगी।
शोभायात्रा मार्ग से होते हुए मानसरोवर मंदिर पहुंचेगी, जहां गोरक्षपीठाधीश्वर देवाधिदेव महादेव का जलाभिषेक और समस्त देवी-देवताओं का पूजन करेंगे। इसके तुरंत बाद यात्रा मानसरोवर रामलीला मैदान में प्रवेश करेगी, जहां जारी रामलीला के मंच पर गोरक्षपीठाधीश्वर मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम का वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भव्य राज्याभिषेक करेंगे। साथ ही माता जानकी, लक्ष्मण और पवनपुत्र हनुमान की महाआरती उतारकर लोक मंगल की कामना करेंगे। रामलीला मैदान में उनका प्रेरणादायी संबोधन भी होगा। इस पूरे धार्मिक अनुष्ठान की पूर्णता गोरखनाथ मंदिर में आयोजित होने वाले विशाल पारंपरिक सहभोज से होगी, जहां हर तबके और सामाजिक पृष्ठभूमि के लोग एक साथ बैठकर समरसता का प्रसाद ग्रहण करेंगे।
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