Hathras : आईजीआरएस शिकायतों के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान के निर्देश, पेंडिंग मामलों पर उठे सवाल

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि आयोग से मिलने वाले संदर्भ, आरटीआई मामले, आईजीआरएस पोर्टल और जनता दर्शन के माध्यम से आने वाली शिकायतों का समाधान सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों का निपटारा करने

Jun 17, 2026 - 21:56
 0  6
Hathras : आईजीआरएस शिकायतों के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान के निर्देश, पेंडिंग मामलों पर उठे सवाल
Hathras : आईजीआरएस शिकायतों के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान के निर्देश, पेंडिंग मामलों पर उठे सवाल

हाथरस के कलेक्ट्रेट सभागार में आईजीआरएस पोर्टल पर मिलने वाली शिकायतों के सही और समय पर समाधान की समीक्षा के लिए एक बैठक आयोजित की गई। मुख्य विकास अधिकारी पी.एन. दीक्षित की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में संबंधित अधिकारियों को शिकायतों का असरदार और संतोषजनक निस्तारण करने के निर्देश दिए गए।

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि आयोग से मिलने वाले संदर्भ, आरटीआई मामले, आईजीआरएस पोर्टल और जनता दर्शन के माध्यम से आने वाली शिकायतों का समाधान सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों का निपटारा करने से पहले पीड़ित से संपर्क किया जाए और उनकी समस्या का वास्तविक व संतोषजनक समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने साफ लहजे में चेतावनी दी कि काम में किसी भी तरह की लापरवाही या ढिलाई मिलने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

इसके साथ ही उन्होंने निर्देश दिया कि यदि कोई मामला उनके विभाग से जुड़ा नहीं है, तो उसे तुरंत सही विभाग को भेज दिया जाए। आयोग से जुड़े मामलों में समय पर जांच कर रिपोर्ट देने और बाकी सभी मामलों को तय समय सीमा के भीतर निपटाने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), अपर जिलाधिकारी (न्यायिक), परियोजना निदेशक, जिला विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्साधिकारी, सभी उपजिलाधिकारी और कलेक्ट्रेट के प्रभारी अधिकारी सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

दूसरी तरफ, आईजीआरएस शिकायतों के तय समय में समाधान को लेकर सवाल भी खड़े हो रहे हैं। एक पीड़ित का दावा है कि उनके द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत संख्या 20014425009502 और 20014425009503 पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। आरोप है कि ऐसे कई मामले लंबे समय से अटके पड़े हैं, जिनमें न तो कोई सुनवाई हुई है और न ही उनका अंतिम समाधान किया गया है। इससे पूरी शिकायत निवारण व्यवस्था की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।

Also Click : Lucknow : महिला सशक्तीकरण का डबल इंजन मॉडल- महिला सुरक्षा, सम्मान एवं अवसरों का वातावरण

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow