सीएम योगी के निर्देश पर पिछड़े वर्ग के छात्रों को बड़ी सौगात: लखनऊ, प्रयागराज, बहराइच, गोंडा समेत 09 जिलों में छात्रावासों की सुविधाएं होंगी बेहतर। 

UP News: योगी सरकार ने पिछड़े वर्ग के छात्र-छात्राओं की सुविधा बढ़ाने की दिशा में एक और ठोस कदम उठाया है। प्रदेश के 09 जिलों में स्थित छात्रावासों...

Jul 29, 2025 - 18:08
 0  77
सीएम योगी के निर्देश पर पिछड़े वर्ग के छात्रों को बड़ी सौगात: लखनऊ, प्रयागराज, बहराइच, गोंडा समेत 09 जिलों में छात्रावासों की सुविधाएं होंगी बेहतर। 
सीएम योगी के निर्देश पर पिछड़े वर्ग के छात्रों को बड़ी सौगात: लखनऊ, प्रयागराज, बहराइच, गोंडा समेत 09 जिलों में छात्रावासों की सुविधाएं होंगी बेहतर। 
  • जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी और प्रबंधक/प्रधानाचार्य करेंगे स्थानीय स्तर पर पर्यवेक्षण
  • प्रदेश के 10 छात्रावासों के अनुरक्षण के लिए प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति मिली
  • कार्य की गुणवत्ता परखने के लिए गठित की जाएगी शासन स्तर पर समिति
  • काम पूरा होने के बाद किया जाएगा भौतिक सत्यापन
  • छात्रावासों के उच्चीकरण के लिए 05 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली
  • वित्तीय वर्ष 2025-26 में पिछड़े वर्ग के लिए संचालित छात्रावासों का अनुरक्षण योजना के अंतर्गत होगा काम

Lucknow News: योगी सरकार ने पिछड़े वर्ग के छात्र-छात्राओं की सुविधा बढ़ाने की दिशा में एक और ठोस कदम उठाया है। प्रदेश के 09 जिलों में स्थित छात्रावासों की सुविधाएं अब और बेहतर की जाएंगी। इसके लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 में पिछड़ा वर्ग छात्रावास अनुरक्षण योजना के अंतर्गत करीब 05 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। शासन ने इस संबंध में आदेश भी जारी कर दिया है। इससे प्रयागराज, बहराइच, गोंडा समेत तमाम जिलों में छात्रावासों की सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी।

  • इन 09 जिलों के छात्रावासों को मिलेगा लाभ

इस योजना के तहत लखनऊ, प्रयागराज, बहराइच, गोंडा, महोबा, हमीरपुर, मुरादाबाद, मेरठ, संतरविदासनगर के छात्रावासों का अनुरक्षण किया जाएगा। इन जिलों में स्थित शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ने वाले पिछड़े वर्ग के छात्रों को इससे सीधा लाभ मिलेगा। इस अनुरक्षण कार्य में भवनों की मरम्मत, रंगाई-पुताई, विद्युत व पेयजल व्यवस्था जैसी आवश्यक सुविधाओं को बेहतर किया जाएगा।

  • काम की गुणवत्ता पर शासन रखेगा नजर

कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए शासन स्तर पर एक विशेष समिति गठित की जाएगी, जो सभी कार्यों की निगरानी करेगी। इसके अलावा, काम पूरा होने के बाद भौतिक सत्यापन भी किया जाएगा ताकि पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके। शासन का स्पष्ट निर्देश है कि गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होगा।

  • स्थानीय स्तर पर भी होगा पर्यवेक्षण

स्थानीय स्तर पर जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी और संबंधित संस्थानों के प्रबंधक या प्रधानाचार्य पर्यवेक्षण करेंगे। इन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे समय-समय पर निरीक्षण कर कार्य की प्रगति और गुणवत्ता की रिपोर्ट शासन को भेजें।

इन प्रमुख संस्थानों में होंगे कार्य

इस योजना के तहत जिन प्रमुख शिक्षण संस्थानों में अनुरक्षण कार्य किए जाएंगे, वे निम्न हैं:

राजकीय महिला पॉलिटेक्निक, लखनऊ

लालबहादुर शास्त्री महाविद्यालय, गोंडा

सर्वोदय इंटर कॉलेज, मिहीपुरवा, बहराइच

इलाहाबाद एग्रीकल्चर इंस्टीट्यूट, डीम्ड यूनिवर्सिटी, प्रयागराज

राजकीय पॉलिटेक्निक, हण्डिया, प्रयागराज

वीरभूमि राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, महोबा

राजकीय इंटर कॉलेज, हमीरपुर

राजकीय के.जी.के. होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज, मुरादाबाद

काशीनरेश राजकीय महाविद्यालय ज्ञानपुर, संतरविदासनगर

फैज-ए-आम इंटर कॉलेज, मेरठ

Also Read- दिव्यांगजन हितों पर फोकस: योगी सरकार ने बढ़ाया समावेशी विकास का दायरा, 44 सरकारी वेबसाइटें बनीं दिव्यांगजन फ्रेंडली।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

INA News_Admin आई.एन. ए. न्यूज़ (INA NEWS) initiate news agency भारत में सबसे तेजी से बढ़ती हुई हिंदी समाचार एजेंसी है, 2017 से एक बड़ा सफर तय करके आज आप सभी के बीच एक पहचान बना सकी है| हमारा प्रयास यही है कि अपने पाठक तक सच और सही जानकारी पहुंचाएं जिसमें सही और समय का ख़ास महत्व है।