Amroha House Collapse: अमरोहा में बारिश के बीच निर्माणाधीन मकान का लेंटर गिरा, तीन लोगों की मौत और तीन घायल
अमरोहा के सैदनगली थाना क्षेत्र में लेंटर गिरने से हादसा हुआ। भोजन कर रहे तीन लोगों की जान चली गई और तीन घायल अस्पताल में भर्ती हैं।
- निर्माणाधीन मकान बना काल, मां, मासूम और बुजुर्ग महिला समेत 3 की मौत, 3 घायल, लगातार बारिश के बीच बड़ा हादसा
- अमरोहा में दर्दनाक हादसा: खाना खाते समय गिरा निर्माणाधीन मकान का लिंटर, तीन की मौत
अमरोहा: उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच गुरुवार को सैदनगली थाना क्षेत्र के ताजपुर गांव में निर्माणाधीन मकान का ताजा डाला गया लिंटर अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे के समय परिवार के लोग लिंटर के नीचे बैठकर भोजन कर रहे थे। अचानक पूरा लिंटर गिरने से सभी मलबे में दब गए और मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
मां, मासूम बेटे और बुजुर्ग महिला की मौत
हादसे में 30 वर्षीय मीनू, उसके एक वर्षीय बेटे लाल सिंह और 65 वर्षीय स्मृति की मलबे में दबकर दर्दनाक मौत हो गई। वहीं तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
खाना खाते समय हुआ हादसा
निर्माण अधीन मकान के छठ के नीचे जब यह लोग एक साथ बैठकर खाना खा रहे थे तभी अचानक बारबरा कर लेंटर गिरा जिसमें तीन लोगों की दबकर्मों के प्रमोद हुई जब कितनी लोग घायल हुए खाना खाते वक्त हुआ हादसा
दावत की खुशियां मातम में बदलीं
जानकारी के अनुसार, मीनू की शादी तरारा गांव में हुई थी।
वह अपनी मां के बुलावे पर मायके ताजपुर आई थी। घर में लिंटर पड़ने के बाद दावत का आयोजन किया गया था। पूरा परिवार भोजन कर रहा था, तभी अचानक लिंटर भरभराकर गिर पड़ा और खुशियों का माहौल मातम में बदल गया।
जेसीबी से चला राहत एवं बचाव अभियान
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग राहत कार्य में जुट गए। पुलिस, प्रशासन और राहत-बचाव दल भी मौके पर पहुंच गया। जेसीबी मशीन की मदद से मलबा हटाकर दबे लोगों को बाहर निकाला गया और घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया।
डीएम और एसपी ने किया घटनास्थल का निरीक्षण
हादसे की सूचना मिलने पर जिलाधिकारी डॉ. नितिन गौड़ और पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव मौके पर पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने राहत एवं बचाव कार्य का जायजा लिया और अधिकारियों को तेजी से कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
हादसे के कारणों की जांच शुरू
पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं प्रशासन ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती तौर पर लगातार हो रही बारिश को हादसे की एक संभावित वजह माना जा रहा है। पूरे ताजपुर गांव में शोक का माहौल है और मृतकों के परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है।
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