यूपीपीएससी मुख्य परीक्षा के सफल अभ्यर्थियों के लिए फ्री मॉक इंटरव्यू, अफसरों ने दिए सफलता के गुर
यूपीपीएससी मुख्य परीक्षा पास करने वाले अभ्यर्थियों के लिए लखनऊ के भागीदारी भवन में नि:शुल्क मॉक इंटरव्यू का आयोजन। वरिष्ठ अधिकारियों ने परखी तैयारी।
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की सम्मिलित राज्य/प्रवर अधीनस्थ सेवा (यूपीपीसीएस) मुख्य परीक्षा में सफलता हासिल करने वाले अभ्यर्थियों के व्यक्तित्व विकास और आत्मविश्वास को बढ़ाने के लिए राजधानी लखनऊ में विशेष पहल की गई है। मुख्य परीक्षा पास कर चुके अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के वास्तविक माहौल से रूबरू कराने के उद्देश्य से समाज कल्याण विभाग की ओर से गोमती नगर स्थित भागीदारी भवन में नि:शुल्क मॉक इंटरव्यू सत्र का आयोजन किया गया। इस सत्र में उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी (उपाम) से संबद्ध वरिष्ठ आईएएस और पीसीएस अधिकारियों के साथ विभिन्न क्षेत्रों के विषय विशेषज्ञों ने साक्षात्कार बोर्ड की कमान संभालकर अभ्यर्थियों की तैयारी का सघन परीक्षण किया।
मॉक इंटरव्यू के दौरान विशेषज्ञ पैनल ने अभ्यर्थियों से राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों, प्रशासनिक निर्णय क्षमता, स्थिति-आधारित समस्याओं और उनके वैकल्पिक विषयों से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछे। इस अभ्यास का मुख्य ध्येय केवल प्रश्नों के उत्तर जानना नहीं, बल्कि अभ्यर्थियों की संवाद शैली, हाव-भाव, शारीरिक भाषा, मानसिक संतुलन और दबाव की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया देने के कौशल का निष्पक्ष आकलन करना था। पैनल में शामिल अधिकारियों ने प्रत्येक अभ्यर्थी को व्यक्तिगत रूप से सुझाव दिए कि कैसे कठिन सवालों का सामना शांत रहकर किया जाए और साक्षात्कार कक्ष में संतुलित व स्पष्ट दृष्टिकोण के साथ अपनी बात रखी जाए।
विशेषज्ञों ने अभ्यर्थियों को उनकी मौजूदा तैयारी की वास्तविक स्थिति से अवगत कराते हुए उनकी कमियों और सुधार की संभावनाओं के बारे में विस्तार से समझाया। इससे अभ्यर्थियों को आगामी अंतिम साक्षात्कार से पहले अपनी कमजोरियों को दूर करने, अभिव्यक्ति में निखार लाने और पूरे आत्मविश्वास के साथ वास्तविक चयन बोर्ड के समक्ष उपस्थित होने का अवसर मिला। अभ्यर्थियों ने इस अभ्यास सत्र को बेहद उपयोगी बताते हुए कहा कि प्रशासनिक सेवा में पहले से कार्यरत अधिकारियों के सीधे मार्गदर्शन से उनका झिझक पूरी तरह दूर हुआ है।
समाज कल्याण विभाग के उप निदेशक आनंद कुमार सिंह के अनुसार यह नि:शुल्क मार्गदर्शन सत्र उन सभी योग्य अभ्यर्थियों के लिए आयोजित किया गया जो मुख्य परीक्षा में सफल हुए हैं। इसमें छत्रपति शाहू जी महाराज शोध एवं प्रशिक्षण संस्थान, भागीदारी भवन, राज्य के विभिन्न परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्रों तथा मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना से जुड़े अभ्यर्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। प्रशासन का यह कदम आर्थिक रूप से कमजोर और सामान्य पृष्ठभूमि से आने वाले मेधावियों को समान अवसर देकर प्रशासनिक सेवा के शिखर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभा रहा है।
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