Virat Kohli on Shubman Gill: 'बाहरी उम्मीदों की फिक्र छोड़ खुलकर खेलूंगा', वेस्टइंडीज के खिलाफ मैच से पहले विराट कोहली का बड़ा बयान

वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले वनडे से पहले विराट कोहली ने कहा कि वह बाहरी उम्मीदों की परवाह किए बिना खुलकर खेलेंगे। साथ ही कप्तान शुभमन गिल की जमकर तारीफ की।

By INA News Desk
Sep 26, 2026 - 16:07
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Virat Kohli on Shubman Gill: 'बाहरी उम्मीदों की फिक्र छोड़ खुलकर खेलूंगा', वेस्टइंडीज के खिलाफ मैच से पहले विराट कोहली का बड़ा बयान
  • IND vs WI 1st ODI: विराट कोहली ने की कप्तान शुभमन गिल की जमकर तारीफ, बोले- लंबी रेस के कप्तान बनने का माद्दा है
  • Virat Kohli Interview: 'गिल सीख रहे हैं कप्तानी की बारीकियां', वेस्टइंडीज सीरीज से पहले जियोस्टार पर बोले पूर्व भारतीय कप्तान
  • Team India ODI Series: कप्तानी के दबाव से मुक्त होकर बल्लेबाजी करेंगे विराट कोहली, शुभमन गिल के नेतृत्व पर जताया पूरा भरोसा
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और आधुनिक क्रिकेट के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली ने स्पष्ट किया है कि वह अपने अंतरराष्ट्रीय करियर के मौजूदा दौर में बाहरी अपेक्षाओं और दबावों से पूरी तरह मुक्त होकर केवल स्वाभाविक अंदाज में क्रिकेट का आनंद लेना चाहते हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ रविवार को शुरू होने जा रही एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय (ODI) सीरीज के पहले मुकाबले से पूर्व 'जियोस्टार' को दिए एक विशेष साक्षात्कार में उन्होंने अपनी वर्तमान मानसिकता, बल्लेबाजी दृष्टिकोण और नए भारतीय कप्तान शुभमन गिल के नेतृत्व कौशल पर खुलकर बात की।
 
विराट कोहली का यह बयान ऐसे समय में आया है जब भारतीय क्रिकेट बदलाव के एक महत्वपूर्ण दौर से गुजर रहा है। अनुभवी सीनियर खिलाड़ी जहां टीम की रीढ़ बने हुए हैं, वहीं युवा नेतृत्व को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार किया जा रहा है। कोहली ने कहा कि अब उनके लिए व्यक्तिगत उपलब्धियों या बाहर चल रही चर्चाओं का कोई महत्व नहीं है, बल्कि मैदान पर उतरकर पूरी आजादी के साथ टीम की जीत में योगदान देना ही उनका एकमात्र लक्ष्य है।
  • 'बाहरी उम्मीदों की चिंता किए बिना खेलने का वक्त'
अपने लंबे और ऐतिहासिक करियर का जिक्र करते हुए पूर्व कप्तान ने कहा कि जब कोई खिलाड़ी लंबे समय तक शीर्ष स्तर पर खेलता है, तो उसके हर कदम और पारी के साथ लोगों की अवास्तविक उम्मीदें जुड़ जाती हैं। लेकिन एक समय ऐसा आता है जब आपको उन सभी बाहरी शोरों को किनारे रखकर केवल खेल की बुनियादी खुशियों पर ध्यान केंद्रित करना होता है।
 
विराट ने साझा किया कि अब वे हर गेंद पर स्वतंत्र सोच के साथ प्रतिक्रिया देना चाहते हैं। उनका मानना है कि जब एक अनुभवी बल्लेबाज किसी भी पूर्वग्रह या परिणाम के डर के बिना मैदान पर उतरता है, तो वह विपक्षी टीम के लिए कहीं अधिक खतरनाक साबित हो सकता है। यह दृष्टिकोण न केवल उनके अपने स्वाभाविक खेल को निखारेगा, बल्कि ड्रेसिंग रूम के युवा खिलाड़ियों को भी निडर होकर खेलने की प्रेरणा देगा।
  • शुभमन गिल की कप्तानी पर क्या बोले विराट?
इंटरव्यू के दौरान विराट कोहली ने मौजूदा भारतीय कप्तान शुभमन गिल की नेतृत्व क्षमता पर गहरा विश्वास व्यक्त किया। गिल को भारतीय एकदिवसीय टीम की कमान सौंपे जाने के फैसले का समर्थन करते हुए कोहली ने कहा कि युवा कप्तान में खेल की गहरी समझ है और वे जिम्मेदारी लेने से कभी पीछे नहीं हटते।
 
कोहली ने स्पष्ट रूप से स्वीकार किया कि कोई भी कप्तान जन्मजात रूप से पूर्ण नहीं होता और गिल भी अभी कप्तानी की बारीकियां सीख रहे हैं। लेकिन जो बात गिल को खास बनाती है, वह है उनकी सकारात्मक मानसिकता, धैर्य और सीखने की तीव्र इच्छाशक्ति। पूर्व कप्तान के अनुसार, यदि किसी खिलाड़ी के पास सही सोच और टीम को आगे ले जाने का स्पष्ट विजन हो, तो वह लंबे समय तक भारतीय टीम का सफलतापूर्वक नेतृत्व कर सकता है। कोहली ने यह भी भरोसा दिलाया कि टीम के सभी सीनियर खिलाड़ी मैदान पर गिल को आवश्यक सामरिक सुझाव और पूरा समर्थन देने के लिए हमेशा तत्पर रहेंगे।
  • वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले वनडे
भारत और वेस्टइंडीज के बीच रविवार को होने वाला पहला वनडे मुकाबला कई मायनों में अहम है। कैरेबियाई टीम के खिलाफ यह सीरीज भारतीय टीम प्रबंधन को मध्यक्रम और गेंदबाजी संयोजनों को परखने का सुनहरा अवसर प्रदान करती है।
 
हाल के मैचों में भारतीय बल्लेबाजी क्रम ने आक्रामक क्रिकेट खेलने की नई रणनीति अपनाई है। इस रणनीति में शीर्ष क्रम पर शुभमन गिल की ठोस शुरुआत और नंबर तीन पर विराट कोहली की पारी को गति देने की क्षमता टीम इंडिया की सबसे बड़ी ताकत मानी जाती है। वेस्टइंडीज की तेज गेंदबाजी और कैरेबियाई पिचों के मिजाज को देखते हुए कोहली का यह शांत और आक्रामक माइंडसेट भारतीय मध्यक्रम को स्थिरता और मजबूती प्रदान करेगा।
  • सीनियर और जूनियर के बीच का कन्वर्सेशन
भारतीय ड्रेसिंग रूम की संस्कृति पर चर्चा करते हुए क्रिकेट विश्लेषकों का मानना है कि जब विराट कोहली जैसे कद का पूर्व कप्तान वर्तमान कप्तान की खुलकर प्रशंसा करता है, तो इससे पूरी टीम में एक स्पष्ट और सकारात्मक संदेश जाता है। इससे शुभमन गिल पर से अनावश्यक दबाव कम होगा और वे स्वतंत्र होकर मैदान पर रणनीतिक फैसले ले सकेंगे।
 
कोहली का यह रुख भारतीय क्रिकेट में एक सुगम सत्ता हस्तांतरण (Smooth Transition) का प्रतीक है। वेस्टइंडीज के खिलाफ रविवार को शुरू हो रही सीरीज में जब गिल और कोहली मैदान पर एक साथ उतरेंगे, तो प्रशंसकों की नजरें न केवल कोहली के बल्ले से निकलने वाले रनों पर होंगी, बल्कि दोनों खिलाड़ियों के बीच मैदान पर दिखने वाले आपसी तालमेल पर भी टिकी रहेंगी।

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