यूपी में ऑनलाइन राशन और ई-कॉमर्स डार्क स्टोर्स पर बड़ा छापा: 6 केंद्रों के लाइसेंस निलंबित, 154 को नोटिस
यूपी में ऑनलाइन डिलीवरी प्लेटफॉर्म और डार्क स्टोर्स पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने कड़ी कार्रवाई की। गंदगी और नियमों के उल्लंघन पर 6 स्टोर्स का काम बंद कराया गया।
ऑनलाइन माध्यम से सीधे घरों तक खाद्य सामग्री पहुंचाने वाले डार्क स्टोर्स और वेयरहाउस पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने व्यापक स्तर पर जांच अभियान चलाया है। 'शुद्ध ही शुभ है' अभियान के अंतर्गत राज्य भर में 218 प्रतिष्ठानों की पड़ताल की गई। इस दौरान साफ-सफाई, तापमान नियंत्रण, कोल्ड स्टोरेज की स्थिति, वैधता अवधि और लाइसेंस संबंधी गंभीर कमियां सामने आने पर 6 स्टोर्स के लाइसेंस निलंबित कर सुधार होने तक उनका कारोबार बंद करा दिया गया है। इसके अतिरिक्त 154 प्रतिष्ठानों को सुधार नोटिस जारी किए गए हैं और प्रयोगशाला जांच के लिए 11 खाद्य नमूने एकत्र किए गए हैं।

विभाग की ओर से की गई यह जांच लखनऊ, गाजियाबाद, कानपुर, गौतमबुद्धनगर और आगरा जैसे प्रमुख शहरों में केंद्रित रही। गाजियाबाद स्थित वेयरहाउस में जांच के दौरान भारी गंदगी, दीवारों पर जाले, टूटा फर्श और कॉकरोच पाए गए, जिसके चलते तत्काल प्रभाव से लाइसेंस निलंबित किया गया। कानपुर में कुछ बड़े मार्ट और स्टोर्स में नियंत्रित तापमान तथा कोल्ड स्टोरेज के रखरखाव में गड़बड़ी मिली। इसके साथ ही कई उत्पादों पर 'बेस्ट बिफोर' संबंधी मानकों का उल्लंघन पाया गया, जिस पर कारोबार को अस्थायी रूप से रोकते हुए नियमों के पालन के निर्देश दिए गए।

राजधानी लखनऊ में चिनहट क्षेत्र स्थित एक बड़े स्टोर में गंदगी, कीटों की मौजूदगी, जंग लगे रैक और दवाओं के साथ खाद्य पदार्थों को रखने का मामला पकड़ा गया। इस गंभीर लापरवाही पर स्टोर का संचालन बंद करा दिया गया। वहीं शहर के दो अन्य केंद्रों पर बिना आवश्यक अनुमति के फ्रोजन मीट और संबंधित उत्पादों की बिक्री पाए जाने पर उसे तत्काल बंद कराया गया। गौतमबुद्धनगर के सेक्टर-135 में स्थित स्टोर के निरीक्षण में भी जंग लगे रैक, गंदे कोल्ड रूम और जमीन पर बिखरे खाद्य सामान मिलने पर संबंधित हिस्से से बिक्री पर रोक लगा दी गई।
आगरा में एक प्रमुख स्टोर की पड़ताल के दौरान लेबलिंग संबंधी नियमों की अनदेखी करने पर मखाने के 273 पैकेट जब्त किए गए, जिनका अनुमानित बाजार मूल्य लगभग 68 हजार रुपये आंका गया है। अधिकारियों का स्पष्ट कहना है कि ऑनलाइन डिलीवरी की बढ़ती मांग के बीच उपभोक्ताओं को मिलने वाले सामान की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। सुरक्षित भंडारण, कोल्ड चेन प्रबंधन और स्वच्छता के तय पैमानों की अनदेखी करने वाले संस्थानों के खिलाफ आगे भी इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
What's Your Reaction?

