Sambhal: जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र के नाम पर लूट का आरोप, आज़ाद अधिकार सेना ने दिया 15 दिन का अल्टीमेटम
सम्भल नगर पालिका परिषद में जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र जारी करने में कथित भ्रष्टाचार, अवैध वसूली और विभागीय उत्पीड़न के आरोपों
उवैस दानिश, सम्भल
सम्भल नगर पालिका परिषद में जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र जारी करने में कथित भ्रष्टाचार, अवैध वसूली और विभागीय उत्पीड़न के आरोपों को लेकर आज़ाद अधिकार सेना पार्टी ने मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के प्रदेश महासचिव खिज़र गौस (गौस भैया) के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने अधिशासी अधिकारी (ईओ) के माध्यम से मंडलायुक्त को ज्ञापन सौंपते हुए 15 दिन के भीतर व्यवस्था सुधारने की मांग की है।
पार्टी का आरोप है कि जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र जारी करने की तय समय-सीमा 7 से 15 दिन होने के बावजूद लोग एक वर्ष आठ महीने तक चक्कर काटने को मजबूर हैं। आरोप है कि समय पर प्रमाणपत्र जारी करने के नाम पर अवैध धनराशि की मांग की जाती है, जबकि गरीब और जरूरतमंद नागरिक सबसे अधिक परेशान हो रहे हैं। ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि एक ही दस्तावेज कई बार जमा कराए जाते हैं, फाइलें जानबूझकर लंबित रखी जाती हैं और बाहरी लोगों की कथित भूमिका की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। पार्टी ने पिछले दो वर्षों में जारी जन्म प्रमाणपत्रों की पारदर्शी जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। आज़ाद अधिकार सेना ने पांच प्रमुख मांगें रखते हुए दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के निलंबन, सभी लंबित प्रमाणपत्र सात दिनों के भीतर निःशुल्क जारी करने, अवैध वसूली की रिकवरी, नगर पालिका में शिकायत हेल्प डेस्क और समय-सीमा बोर्ड लगाने तथा भविष्य में देरी होने पर संबंधित अधिकारी पर प्रतिदिन जुर्माना लगाने की मांग की है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो नगर पालिका कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
Also Read- UP Election 2027: असदुद्दीन ओवैसी के गठबंधन ऑफर पर बोले अखिलेश यादव, जानिए क्या है सपा का रुख
What's Your Reaction?




