Voltas AC Sales Record: टाटा की वोल्टास ने रचा इतिहास, सिर्फ 81 दिनों में बेच डाले 10 लाख एयर कंडीशनर
Voltas AC Record Sales: टाटा ग्रुप की वोल्टास ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 के शुरुआती 3 महीनों (81 दिन) में 10 लाख से अधिक एयर कंडीशनर बेचकर नया कीर्तिमान स्थापित किया है।
Voltas Sells 1 Million ACs: गर्मी के सीजन में Voltas का नया रिकॉर्ड, शेयर बाजार में भी उछला टाटा की कंपनी का स्टॉक
72 सालों में पहली बार! इस दिग्गज भारतीय कंपनी ने मात्र 81 दिन में बेचे 10 लाख AC, तोड़ दिए बिक्री के सारे रिकॉर्ड
बिजनेस ब्रेकिंग: टाटा ग्रुप की कंपनी 'Voltas' का बड़ा कारनामा, चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 10 लाख AC बेचने का नया रिकॉर्ड
भारत में भीषण गर्मी के बीच कंस्यूमर ड्यूरेबल्स (Consumer Durables) क्षेत्र से एक बेहद चौंकाने वाला और ऐतिहासिक व्यावसायिक आंकड़ा सामने आया है। देश में पहला स्वदेशी एयर कंडीशनर बनाने का गौरव रखने वाली टाटा ग्रुप की दिग्गज कंपनी वोल्टास लिमिटेड (Voltas Limited) ने बिक्री का एक नया रिकॉर्ड स्थापित कर दिया है। कंपनी ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के शुरुआती 3 महीनों (महज 81 दिनों) के भीतर 10 लाख (1 मिलियन) से अधिक रूम एयर कंडीशनर बेचने का अभूतपूर्व माइलस्टोन हासिल किया है। कंपनी के 72 वर्षों के लंबे और गौरवशाली इतिहास में यह किसी भी एक तिमाही में अब तक की सबसे तेज और रिकॉर्ड तोड़ बिक्री है। इस बड़ी कामयाबी की घोषणा के तुरंत बाद घरेलू शेयर बाजार में भी वोल्टास के शेयरों को लेकर निवेशकों में भारी उत्साह देखा जा रहा है।
टाटा समूह के स्वामित्व वाली होम अप्लायंसेज कंपनी वोल्टास ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की है कि उसने चालू वित्त वर्ष के शुरुआती 81 दिनों के भीतर ही 10 लाख से अधिक रूम एयर कंडीशनर (RAC) की बिक्री का आंकड़ा पार कर लिया है। भारतीय रूम एयर कंडीशनर बाजार में यह अपने आप में एक असाधारण कीर्तिमान है। इस ऐतिहासिक प्रदर्शन के बाद कंपनी ने भारत के घरेलू एयर कंडीशनिंग बाजार में अपनी नंबर-1 (No.1) और निर्विवाद लीडरशिप पोजीशन को और ज्यादा मजबूत कर लिया है। बाजार में भारी प्रतिस्पर्धा के बावजूद इतनी कम अवधि में इस आंकड़े को छूना उद्योग जगत के लिए एक बड़ा बेंचमार्क बन गया है।
वोल्टास लिमिटेड ने वीकेंड पर एक्सचेंजों को दी गई अपनी रिपोर्ट में इस माइलस्टोन की जानकारी साझा की। भारतीय बाजार में कुल रूम एयर कंडीशनर (RAC) की सालाना बिक्री लगभग 1.25 करोड़ से 1.40 करोड़ यूनिट के बीच आंकी जाती है। ऐसे में किसी एक ब्रांड द्वारा साल के शुरुआती तीन महीनों में ही 10 लाख का वॉल्यूम हासिल कर लेना कंपनी की मजबूत डिस्ट्रीब्यूशन सप्लाई और विनिर्माण क्षमता को दर्शाता है।
कंपनी की इस ऐतिहासिक ग्रोथ के पीछे मुख्य रूप से कुछ रणनीतिक और मौसमी कारण रहे हैं:
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प्रोडक्ट पोर्टफोलियो का नवीनीकरण: वोल्टास ने इस सीजन में प्रीमियम, मिड-रेंज और बजट-फ्रेंडली (Value) सेगमेंट के उपभोक्ताओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अपने नए मॉडल्स उतारे हैं।
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एआई-इनेबल्ड तकनीक और स्मार्ट फीचर्स: नए दौर के ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए कंपनी ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और आधुनिक ऊर्जा-बचत मानकों (BEE Energy Labeling Norms) पर आधारित कूलिंग प्रोडक्ट्स लॉन्च किए।
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व्यापक डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क: देश भर में फैले 30,000 से अधिक टचपॉइंट्स, डीलर्स, रिटेलर्स और मजबूत सर्विस पार्टनर नेटवर्क के कारण टियर-2 और टियर-3 शहरों में कंपनी की पहुंच बेहद सुगम रही है।
वोल्टास के प्रबंध निदेशक (MD) मुकुंदन मेनन ने इस कामयाबी पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, "एक वित्त वर्ष के शुरुआती 3 महीनों के भीतर 10 लाख की बिक्री का आंकड़ा पार करना वोल्टास के लिए एक असाधारण उपलब्धि है। रिकॉर्ड समय में इस मील के पत्थर को छूना हमारे ब्रांड पर उपभोक्ताओं के अटूट भरोसे और देश भर में हमारी टीमों व चैनल पार्टनर्स की बेहतरीन परफॉरमेंस को दर्शाता है।" रूम एयर कंडीशनर बिजनेस के प्रमुख जयंत बालन ने कहा कि बाजारों में मांग अभी भी बहुत उत्साहजनक बनी हुई है और वे आने वाले महीनों में भी इस गति को बरकरार रखते हुए कई और रिकॉर्ड बनाने की उम्मीद कर रहे हैं। शेयर बाजार ने भी इस खबर का जोरदार स्वागत किया। सोमवार के कारोबारी सत्र में वोल्टास लिमिटेड का शेयर एनएसई (NSE) और बीएसई (BSE) पर 5 प्रतिशत से अधिक की बढ़त के साथ ₹1,411 के स्तर को छू गया। सन 1954 में स्थापित हुई वोल्टास ने अपने 72 सालों के सफर में भारतीय कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स के इतिहास में कई बड़े कारनामे किए हैं। भारत का पहला रूम एसी बनाने से लेकर देश के सबसे बड़े कमर्शियल और घरेलू कूलिंग प्रोजेक्ट्स को पूरा करने का श्रेय इसी कंपनी को जाता है।
इस हालिया रिकॉर्ड बिक्री का प्रभाव व्यापक होने वाला है:
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प्रतिस्पर्धा में बढ़त: घरेलू बाजार में एलजी (LG), दाइकिन (Daikin) और ब्लूस्टार (BlueStar) जैसी दिग्गज कंपनियों के बीच वोल्टास ने लगभग 18.5% से 21% की बाजार हिस्सेदारी के साथ अपना शीर्ष स्थान बरकरार रखा है।
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इनपुट कॉस्ट की चुनौतियों पर विजय: यह रिकॉर्ड बिक्री ऐसे समय में हुई है जब पश्चिम एशिया संकट के चलते कच्चे माल (तांबा, प्लास्टिक और समुद्री माल ढुलाई) की कीमतों में तेजी और मुद्रास्फीति का दबाव देखा जा रहा था। इन चुनौतियों के बावजूद मजबूत वॉल्यूम ग्रोथ ने कंपनी के वित्तीय आधार को सहारा दिया है।
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वोल्टबेक (Voltbek) का विस्तार: वोल्टास केवल एसी तक सीमित नहीं है, बल्कि उसने आर्सेलिक (Arçelik) के साथ साझेदारी में 'वोल्टबेक' के तहत रेफ्रिजरेटर, वाशिंग मशीन और अन्य होम अप्लायंसेज सेगमेंट में भी तेजी से पैर पसारे हैं।
भारत के कई हिस्सों में गर्मी का प्रकोप और उमस का सीजन अभी भी जारी है, जिससे कूलिंग प्रोडक्ट्स की मांग आगे भी मजबूत रहने की उम्मीद है। वोल्टास का लक्ष्य चालू वित्त वर्ष के अंत तक अपने पुराने सालाना रिकॉर्ड्स को पीछे छोड़ना है। इसके साथ ही कंपनी का ध्यान आने वाले समय में ऊर्जा की कम खपत करने वाले 5-स्टार इनवर्टर एसी सेगमेंट में अपनी पैठ को और गहरा करने तथा ग्रामीण बाजारों के लिए विशेष उत्पाद शृंखला विकसित करने पर केंद्रित रहेगा।
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