Hathras : वीर बाल दिवस पर हाथरस में बाल स्वयंसेवकों ने निकाला पथ संचलन, साहिबजादों के बलिदान को किया स्मरण
पथ संचलन की शुरुआत केंद्रीय विद्यालय परिसर से हुई। यह घंटाघर, नयागंज, मोती बाजार, गुड़हाई बाजार, बागला मार्ग, रामलीला ग्राउंड और पंजाबी मार्केट से होता हु
हाथरस में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विद्यार्थी कार्य विभाग ने वीर बाल दिवस के अवसर पर सिख धर्म के दसवें गुरु गोबिंद सिंह के चारों साहिबजादों के बलिदान को याद किया। इस मौके पर बाल स्वयंसेवकों ने नगर में अनुशासित पथ संचलन निकाला, जिसमें देशभक्ति और अनुशासन की झलक साफ दिखाई दी। पथ संचलन की शुरुआत केंद्रीय विद्यालय परिसर से हुई। यह घंटाघर, नयागंज, मोती बाजार, गुड़हाई बाजार, बागला मार्ग, रामलीला ग्राउंड और पंजाबी मार्केट से होता हुआ वापस केंद्रीय विद्यालय पर समाप्त हुआ। रास्ते में नगरवासियों ने फूलों की वर्षा कर बाल स्वयंसेवकों का उत्साह बढ़ाया। सैकड़ों की संख्या में शामिल छोटे स्वयंसेवकों ने अनुशासित पंक्तियों में चलकर सबका ध्यान खींचा।
केंद्रीय विद्यालय में एकत्रित बाल स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए जिला कार्यवाह रामकिशन ने कहा कि देश के युवाओं को गुरु गोबिंद सिंह और उनके साहिबजादों के जीवन और बलिदान के बारे में जरूर जानना चाहिए। गुरु गोबिंद सिंह ने धर्म और देश की रक्षा के लिए अपने चारों पुत्रों को बलिदान कर दिया, इसी कारण उन्हें सरवंशदानी कहा जाता है। उन्होंने बताया कि बाबा अजीत सिंह, बाबा जुझार सिंह, बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह ने छोटी उम्र में ही असाधारण साहस दिखाया। उन्होंने मुगल शासकों की क्रूरता का डटकर सामना किया, धर्म परिवर्तन के दबाव को ठुकराया और बलिदान को चुना। उनके इस बलिदान की गाथा आने वाली पीढ़ियों को हमेशा प्रेरणा देती रहेगी।
इस अवसर पर जिला प्रचारक जयकिशोर, नगर प्रचारक शिवम, जिला बौद्धिक प्रमुख पवन शर्मा, सह जिला विद्यार्थी प्रमुख हर्षित गुप्ता, नगर संघचालक पी.पी. सिंह, सह नगर कार्यवाह टिंकू राना, नगर विद्यार्थी प्रमुख पुष्पदीप, अर्जुन, विजय, देवेश, नैवेद्य, चिराग, सूर्यांश, गोविंद, गर्व सेंगर सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
What's Your Reaction?









