प्रदेश के विभागों में पिछड़े वर्ग के रिक्त पदों पर शीर्घ भर्ती प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश
लखनऊ : उ0प्र0 सरकार के पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण मंत्री नरेन्द्र कश्यप (स्वतंत्र प्रभार) की अध्यक्षता में आज विधान सभा स्थित कार्यालय में विभागीय योजनाओं की समीक्षा बैठक हुई। नरेन्द्र कश्यप ने विभागों में पिछड़ा वर्ग के रिक्त पदों को शीघ्र पूर्ण करने पर बल दिया। इस संबंध में पिछड़ा वर्ग कल्याण के प्रमुख सचिव को निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी स्तह पर अगर कोई समस्या हो तो उनके संज्ञान में लाया जाए लेकिन भर्ती प्रक्रिया में किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए। इस सन्दर्भ में प्रमुख सचिव राजेश कुमार सिंह (पिछड़ा वर्ग कल्याण) ने बताया कि विभाग में कुल 191 पद रिक्त हैं जिस पर शीघ्र की भर्ती प्रक्रिया पूर्ण हो जायेगी।
मंत्री को अवगत कराया गया कि पिछड़े वर्ग हेतु शादी अनुदान योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 में कुल 232.00 करोड़ का प्राविधान किया गया था। विगत वित्तीय वर्ष 31 मार्च, 2026 तक आवंटित धनशि का पूर्ण उपयोग करते हुए 16,000 लाभार्थियों को पी.एफ.एम.एस. प्रणाली के माध्यम से उनके खातों में धनराशि अन्तरित की गयी। छात्रवृत्ति योजनान्तर्गत विगत वित्तीय वर्ष 2025-26 में पूर्वदशम् एवं दशमोत्तर छात्रवृत्ति में अब तक कुल 36,75,294 छात्रों को 3071.54 करोड़ रूपये की धनराशि दी जा चुकी है। इसी प्रकार कम्प्यूटर प्रशिक्षण योजना के अन्तर्गत ओ-लेवल के 25,588 तथा सी.सी.सी. के 9,304 सहित कुल 34,892 प्रशिक्षणार्थियों पर 33.83 करोड़ रूपये की धनराशि व्यय की जा चुकी है।
समाज के पिछड़ वर्ग के छात्र/छात्राओं हेतु छात्रावास अनुरक्षण योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 में आवंटित धनराशि में से 99.87 प्रतिशत व्यय की जा चुकी है। इसी प्रकार विभागीय योजनाओं के प्रचार-प्रसार हेतु आवंटित धनराशि पूर्ण उपयोग किया गया। कश्यप ने इस युग को संचार का युग कहा, जिसमें सोशल मीडिया प्रचार-प्रसार का एक बहुत प्रभावशाली अंग है। पारम्परिक संचार/प्रचार-प्रसार माध्यमों के साथ ही एआई के इस युग में हमें समय के साथ चलना होगा। विभागीय योजनाओं को सोशल मीडिया के माध्यम से 24X7 प्रसारित किया जाए ताकि समाज के पिछड़ा वर्ग में सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूकता उत्पन्न हो।
दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की समीक्षा करते हुऐ मंत्री को प्रमुख सचिव, दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग ने बताया कि कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण योजनान्तर्गत विगत वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रदेश में कुल 43,689 विभिन्न प्रकार के कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरणों का वितरण करते हुए 34,420 पात्र दिव्यांगजनों को लाभान्वित किया गया। इसी प्रकार निःशुल्क मोटराइज़्ड ट्राईसाइकिल योजना के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 में 753 मोटराइज़्ड ट्राईसाइकिल के भौतिक लक्ष्य के सापेक्ष 723 मोटराइज़्ड ट्राईसाइकिल वितरित करते हुऐ पात्र दिव्यांगजन को लाभान्वित किया गया।
समीक्षा बैठक में प्रमुख सचिव राजेश कुमार सिंह, पिछड़ा वर्ग कल्याण, संयुक्त निदेशक दिव्यांगजन सशक्तिकरण, अमित सिंह, के अतिरिक्त अन्य उच्चाधिकारीगण उपस्थित थें।
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