Deoband : गुरु अरजन देव जी का प्रकाश पर्व श्रद्धा के साथ मनाया गया, गुरुवाणी से निहाल हुई संगत
सहारनपुर से आए भाई नरेंद्र सिंह नूर ने अपनी मधुर आवाज में गुरुवाणी का कीर्तन कर उपस्थित संगत को भक्ति रस से सराबोर कर दिया। इस धार्मिक आयोजन में भारी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। कार्यक्रम को सफल बना
देवबंद के गुरुद्वारा साहिब में सिखों के पांचवें गुरु अरजन देव जी का प्रकाश उत्सव बड़े ही हर्षोल्लास और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में गुरुद्वारा कमेटी के सचिव गुरजोत सिंह सेठी ने गुरु जी के जीवन और उनके महान कार्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि गुरु अरजन देव जी का जन्म 1563 में गुरु रामदास जी के घर हुआ था। उन्होंने ही अमृतसर में हरमंदिर साहिब का निर्माण कराया और आदि ग्रंथ का संकलन किया। गुरु ग्रंथ साहिब में सबसे अधिक वाणी गुरु अरजन देव जी की ही दर्ज है। कार्यक्रम में उनके बलिदान को याद करते हुए बताया गया कि किस तरह मानवता की रक्षा के लिए उन्होंने भीषण कष्ट सहते हुए अपनी शहादत दी थी।
सहारनपुर से आए भाई नरेंद्र सिंह नूर ने अपनी मधुर आवाज में गुरुवाणी का कीर्तन कर उपस्थित संगत को भक्ति रस से सराबोर कर दिया। इस धार्मिक आयोजन में भारी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। कार्यक्रम को सफल बनाने में सचिन छाबड़ा, गुरदीप सिंह, श्याम लाल भारती, सतीश गिरधर, अमन सिंह सेठी, राजपाल सिंह, विपिन नारंग और मोहित मल्होत्रा सहित अनेक लोगों का सहयोग रहा। सभी ने गुरु जी के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
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