Hardoi : निःशुल्क विद्युत चालित चाक मशीन के लिए 25 सितंबर तक करें आवेदन
इस योजना के तहत 18 से 50 वर्ष की आयु के कारीगर, जो मिट्टी के बर्तनों, खिलौनों या मूर्तियों के निर्माण से जीविकोपार्जन करते हैं, निःशुल्क विद्युत चालित चाक म
हरदोई : जिला ग्रामोद्योग अधिकारी सुष्मिता सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार ने माटीकला और माटी शिल्पकला को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड का गठन किया है। पर्यावरण को होने वाले नुकसान को ध्यान में रखते हुए प्रदेश में प्लास्टिक से बने कप, प्लेट, गिलास, थाली आदि के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके विकल्प के रूप में मिट्टी के बर्तनों, खिलौनों और मूर्तियों को प्रोत्साहन देने के लिए सरकार ने कुम्हारों और परंपरागत कारीगरों को निःशुल्क विद्युत चालित चाक (इलेक्ट्रिक पॉटर व्हील) उपलब्ध कराने की योजना शुरू की है।
इस योजना के तहत 18 से 50 वर्ष की आयु के कारीगर, जो मिट्टी के बर्तनों, खिलौनों या मूर्तियों के निर्माण से जीविकोपार्जन करते हैं, निःशुल्क विद्युत चालित चाक मशीन प्राप्त कर सकते हैं। इच्छुक कारीगर 25 सितंबर 2025 तक विभागीय वेबसाइट upmatikalaboard.in पर टूल किट्स आवंटन के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं। आवेदन के साथ हार्ड कॉपी जमा करना अनिवार्य है। आवेदन पत्र के साथ आधार कार्ड, शैक्षिक योग्यता प्रमाण पत्र, फोटो, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र और राशन कार्ड की प्रति संलग्न करना आवश्यक है।
योजना के तहत एक परिवार से केवल एक व्यक्ति ही आवेदन कर सकता है। जिन परिवारों को पहले खादी ग्रामोद्योग बोर्ड, खादी ग्रामोद्योग आयोग, जिला उद्योग केंद्र या अन्य सरकारी विभागों के माध्यम से कुम्हारी चाक का लाभ मिल चुका है, वे इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।
सुष्मिता सिंह ने बताया कि इस योजना का उद्देश्य कुम्हार समुदाय को आर्थिक रूप से सशक्त करना और उनकी पारंपरिक कला को बढ़ावा देना है। विद्युत चालित चाक मशीन से कारीगरों का काम आसान होगा, उनकी उत्पादन क्षमता बढ़ेगी और गुणवत्ता में सुधार होगा। इससे उनकी आय में वृद्धि होगी और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
अधिक जानकारी के लिए इच्छुक कारीगर किसी भी कार्य दिवस में जिला ग्रामोद्योग कार्यालय, सिनेमा चौराहा, हरदोई से संपर्क कर सकते हैं। यह योजना न केवल कारीगरों की आजीविका को बेहतर बनाएगी, बल्कि उत्तर प्रदेश की माटीकला को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में भी सहायक होगी।
Also Click : Hardoi : सांसद जय प्रकाश रावत ने किया अस्योली में वालवाटिका और बच्चों के उन्मुखीकरण कार्यक्रम का शुभारंभ
What's Your Reaction?











