Sambhal : सम्भल से जगद्गुरु शंकराचार्य का बड़ा राजनीतिक संदेश: 'नकली हिंदुत्व' पर प्रहार, गौ रक्षा के नाम पर वोट रिजर्व करने की अपील
राम मंदिर चंदा प्रकरण पर उन्होंने कहा कि मंदिर ट्रस्ट के गठन से लेकर उसके संचालन तक पारदर्शिता नहीं रही। उनका आरोप था कि साधु-संतों और आचार्यों की उपेक्षा कर राजनीतिक लोगों को ट्रस्ट में स्थान दिया गया।
Report : उवैस दानिश, सम्भल
गौ रक्षा जनजागरण यात्रा के तहत सम्भल पहुंचे जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने भाजपा, राम मंदिर ट्रस्ट और हिंदुत्व की राजनीति पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि उनकी यात्रा का उद्देश्य अन्नदाता किसानों और आम लोगों को गौ माता की रक्षा के लिए आगामी चुनाव में अपना वोट सुरक्षित रखने के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेशभर के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में लोगों ने गौ रक्षा के लिए संकल्प लिया है और सम्भल में भी उन्हें व्यापक समर्थन मिला।
राम मंदिर चंदा प्रकरण पर उन्होंने कहा कि मंदिर ट्रस्ट के गठन से लेकर उसके संचालन तक पारदर्शिता नहीं रही। उनका आरोप था कि साधु-संतों और आचार्यों की उपेक्षा कर राजनीतिक लोगों को ट्रस्ट में स्थान दिया गया। उन्होंने कहा कि यदि चंदे में गड़बड़ी हुई है तो केवल नोट गिनने वालों पर कार्रवाई पर्याप्त नहीं है, बल्कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
शंकराचार्य ने भाजपा पर "नकली हिंदुत्व" का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी का आचरण सनातन परंपराओं और वेद-शास्त्रों के अनुरूप नहीं है। उन्होंने कहा कि गौ माता को राज्यमाता घोषित कर सरकार अपनी मंशा साबित कर सकती है। सम्भल के प्राचीन तीर्थों के जीर्णोद्धार का स्वागत करते हुए उन्होंने काशी में मंदिरों के ध्वस्तीकरण का मुद्दा भी उठाया और सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी एक दल का समर्थन या विरोध नहीं, बल्कि गौ रक्षा और सनातन मूल्यों के पक्ष में जनमत तैयार करना है।
What's Your Reaction?




