Lucknow : लखनऊ में स्कूल शिक्षा महानिदेशक कंचन वर्मा ने बाल वाटिकाओं का उद्घाटन किया, बच्चों को मिली नई शैक्षिक सुविधाएं

बख्शी का तालाब की खंड शिक्षा अधिकारी प्रीती शुक्ला ने बताया कि विकासखंड में चार नई बाल वाटिकाओं का उद्घाटन किया गया। इनमें आदर्श बाल वाटिका विशंभर खेड़ा

By INA News Desk
Aug 15, 2025 - 23:40
78 Views
Lucknow : लखनऊ में स्कूल शिक्षा महानिदेशक कंचन वर्मा ने बाल वाटिकाओं का उद्घाटन किया, बच्चों को मिली नई शैक्षिक सुविधाएं
लखनऊ में स्कूल शिक्षा महानिदेशक कंचन वर्मा ने बाल वाटिकाओं का उद्घाटन किया
Advertisement
Advertisement

लखनऊ के बख्शी का तालाब विकासखंड में आदर्श बाल वाटिका विश्रामपुर का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर स्कूल शिक्षा महानिदेशक कंचन वर्मा ने ध्वज फहराया और राष्ट्रगान के बाद बच्चों के लिए नई बाल वाटिका कक्षा का शुभारंभ किया। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत छोटे और कम संसाधनों वाले स्कूलों को बड़े और बेहतर संसाधनों वाले स्कूलों के साथ जोड़ने की प्रक्रिया पर जोर दिया गया है। इसी के तहत इन स्कूलों में प्री-प्राइमरी शिक्षा शुरू की गई है।कंचन वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि अब 3 से 6 वर्ष की आयु के बच्चों को खेल-खेल में बुनियादी शिक्षा दी जाएगी। यह बाल वाटिका कक्षाएं बच्चों के लिए शिक्षा का मजबूत आधार तैयार करेंगी। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुसार चरणबद्ध तरीके से प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा (ईसीसीई) शिक्षकों की तैनाती की जा रही है। इन कक्षाओं में रंग-बिरंगे खिलौने, चित्र पुस्तकें और शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराई गई हैं, जो बच्चों के मानसिक, शारीरिक और भावनात्मक विकास को बढ़ावा देंगी।

बख्शी का तालाब की खंड शिक्षा अधिकारी प्रीती शुक्ला ने बताया कि विकासखंड में चार नई बाल वाटिकाओं का उद्घाटन किया गया। इनमें आदर्श बाल वाटिका विशंभर खेड़ा का उद्घाटन विधायक योगेश शुक्ला और सीडीपीओ रंजन सिंह ने किया। इसके अलावा आदर्श बाल वाटिका राजपुर और आदर्श बाल वाटिका बेलवा-1 का उद्घाटन खंड विकास अधिकारी पूजा पांडे ने किया। इन सभी कार्यक्रमों को बेसिक शिक्षा विभाग और एकीकृत बाल विकास योजना (आईसीडीएस) ने मिलकर बड़े उत्साह के साथ आयोजित किया।बेसिक शिक्षा विभाग ने इन बाल वाटिकाओं में बुनियादी ढांचे और शैक्षिक सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं। इनमें गतिविधि-आधारित किट, शिक्षण सामग्री, बच्चों के लिए अनुकूल फर्नीचर और बाहरी खेल सामग्री शामिल हैं। शिक्षकों, शिक्षामित्रों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को विशेष प्रशिक्षण भी दिया गया है ताकि बच्चे स्कूल के लिए तैयार हो सकें और उनकी शिक्षा के साथ-साथ पोषण का भी ध्यान रखा जाए।

Also Click : Hardoi : संडीला पुलिस ने लडकी के गायब होने के मामले में महाराष्ट्र के युवक को पकड़ा

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

Advertisement
Advertisement