बिहार मतदाता सूची विवाद- सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर हटाए गए 65 लाख नामों की सूची जारी
ऐसे सभी निर्वाचक, जो प्रारूप सूची में शामिल नहीं हैं, अपने ईपिक संख्या के माध्यम से इस सूची में कारण सहित अपनी प्रविष्टि की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। 01 अगस्त, 20
लखनऊ : सर्वाेच्च न्यायालय द्वारा 14 अगस्त, 2025 को एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक रिफॉर्म बनाम भारत निर्वाचन आयोग की रिट पीटीसन में पारित न्यायादेश के आलोक में सूचित किया जाता है कि ऐसे निर्वाचक जिसका नाम वर्ष 2025 (प्रारूप प्रकाशन के पूर्व) की निर्वाचक सूची में शामिल हैं परंतु 01 अगस्त, 2025 को प्रकाशित प्रारूप सूची में शामिल नहीं है, ऐसे सभी निर्वाचकों की सूची जिला अन्तर्गत विधान सभा एवं मतदान केन्द्रवार कारण सहित (मृत/स्थायी रूप से स्थानांतरित/अनुपस्थित/ दोहरी प्रविष्टि) मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, बिहार एवं सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारी, बिहार राज्य की वेबसाइट पर प्रकाशित कर दिया गया है।
ऐसे सभी निर्वाचक, जो प्रारूप सूची में शामिल नहीं हैं, अपने ईपिक संख्या के माध्यम से इस सूची में कारण सहित अपनी प्रविष्टि की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। 01 अगस्त, 2025 को प्रकाशित प्रारूप सूची में शामिल नहीं होने वाले ऐसे निर्वाचकों से संबंधित सूची सभी प्रखण्ड कार्यालयों, पंचायत कार्यालयों, नगर निकायों के कार्यालयों एवं मतदान केन्द्रों पर भी प्रदर्शित की गयी है, जिसके माध्यम से ऐसे निर्वाचक कारण सहित अपनी प्रविष्टि से संबंधित सूचना एवं जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। असंतुष्ट व्यक्ति अपने आधार कार्ड की एक प्रति के साथ अपना दावा प्रस्तुत कर सकते हैं।
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