Hardoi : आशा नगर के छात्र वरदान सिंह ने बनाई अनूठी Device, शराब पीकर वाहन चलाने पर बंद हो जाएगा इंजन

वरदान, जो आर.आर. इंटर कॉलेज, हरदोई में 12वीं कक्षा के छात्र हैं, ने इस मॉडल को उत्तर प्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद द्वारा आयोजित जनपद और मंडल स्तरीय विज्ञान प्रदर्श

Jul 11, 2025 - 22:18
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Hardoi : आशा नगर के छात्र वरदान सिंह ने बनाई अनूठी Device, शराब पीकर वाहन चलाने पर बंद हो जाएगा इंजन
आशा नगर के छात्र वरदान सिंह की अनूठी Device

Hardoi : हरदोई के आशा नगर के 16 वर्षीय वरदान सिंह ने एक अनूठी Device बनाई है, जो शराब पीकर वाहन चलाने की समस्या पर अंकुश लगाने में मदद कर सकती है। इस Device का नाम 'ऑटोमेटिक इंजन लॉकिंग सिस्टम व्हेन एल्कोहॉल इज डिटेक्टेड' है। यह Device वाहन चालक की सांस में शराब की मौजूदगी का पता लगाकर इंजन को स्वचालित रूप से लॉक कर देती है, जिससे नशे में वाहन चलाना असंभव हो जाता है।

वरदान, जो आर.आर. इंटर कॉलेज, हरदोई में 12वीं कक्षा के छात्र हैं, ने इस मॉडल को उत्तर प्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद द्वारा आयोजित जनपद और मंडल स्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी में प्रस्तुत किया। उनकी इस नवाचारी Device ने दोनों स्तरों पर प्रथम स्थान हासिल किया। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने लखनऊ में आयोजित एक समारोह में वरदान के इस आविष्कार की सराहना की और उन्हें प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के नवाचार न केवल सड़क सुरक्षा को बढ़ावा देंगे, बल्कि युवाओं की प्रतिभा को भी सामने लाएंगे।

Device का कार्य और विशेषताएं

वरदान ने बताया कि यह Device एक सेंसर-आधारित प्रणाली है, जो चालक की सांस में अल्कोहल की मात्रा का पता लगाती है। यदि अल्कोहल का स्तर निर्धारित सीमा से अधिक होता है, तो Device इंजन को शुरू होने से रोक देती है। यह तकनीक सड़क दुर्घटनाओं को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है, क्योंकि शराब के नशे में वाहन चलाना भारत में सड़क हादसों का एक प्रमुख कारण है। Device को वाहन के इग्निशन सिस्टम के साथ जोड़ा जाता है, और यह पूरी तरह स्वचालित है, जिससे इसे किसी भी वाहन में आसानी से लगाया जा सकता है।

वरदान ने बताया कि उन्हें यह विचार सड़क दुर्घटनाओं से संबंधित खबरों और आंकड़ों से मिला, जिसमें शराब पीकर वाहन चलाने के कारण होने वाली दुर्घटनाएं शामिल थीं। उन्होंने अपने शिक्षकों और माता-पिता के मार्गदर्शन में इस Device को डिजाइन किया। इस मॉडल को बनाने में सस्ते और आसानी से उपलब्ध इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का उपयोग किया गया है, जिससे इसकी लागत कम है और इसे बड़े पैमाने पर लागू करना संभव है।

विज्ञान प्रदर्शनी में इस Device को देखने वाले विशेषज्ञों ने इसके व्यावहारिक उपयोग और सामाजिक प्रभाव की सराहना की। स्थानीय यातायात पुलिस अधिकारियों ने भी इस नवाचार को सड़क सुरक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया। हरदोई के पुलिस अधीक्षक ने कहा कि ऐसी तकनीक को लागू करने से नशे में वाहन चलाने की घटनाओं पर रोक लगाने में मदद मिल सकती है। उन्होंने वरदान को बधाई दी और भविष्य में उनके आविष्कार को और विकसित करने के लिए समर्थन का आश्वासन दिया।

वरदान का कहना है कि वह इस Device को और उन्नत बनाने पर काम कर रहे हैं, ताकि इसे वाणिज्यिक स्तर पर उत्पादित किया जा सके। वह चाहते हैं कि यह Device सभी प्रकार के वाहनों में अनिवार्य रूप से लगाई जाए, खासकर सार्वजनिक परिवहन और भारी वाहनों में। उनके शिक्षकों का मानना है कि वरदान की प्रतिभा और समर्पण उन्हें भविष्य में विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में और ऊंचाइयों तक ले जाएगा।

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