अजब गजब: PUBG की ऐसी लत कि पति को दी 55 टुकड़ों में काटने की धमकी, पत्नी ने प्रेमी संग रचाई साजिश।
उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में एक दुखद और चौंकाने वाली घटना ने ऑनलाइन गेमिंग और सोशल मीडिया के गलत इस्तेमाल से परिवारों पर पड़ने ...
उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में एक दुखद और चौंकाने वाली घटना ने ऑनलाइन गेमिंग और सोशल मीडिया के गलत इस्तेमाल से परिवारों पर पड़ने वाले प्रभाव को उजागर किया है। साल 2022 में शीलू की शादी आराधना से हुई थी, लेकिन शादी के कुछ समय बाद ही आराधना को PUBG गेम की लत लग गई। इस गेम के जरिए उसकी लुधियाना निवासी शिवम से ऑनलाइन दोस्ती हुई, जो बाद में प्रेम संबंध में बदल गई। जब पति शीलू ने इस रिश्ते का विरोध किया, तो आराधना ने उसे 55 टुकड़ों में काटकर ड्रम में भर देने की धमकी दी। हाल ही में, 25 जून 2025 को शिवम 900 किलोमीटर दूर लुधियाना से बांदा पहुंचा और आराधना के घर पर हंगामा किया। आराधना ने अपने पति और बेटे को छोड़कर शिवम के साथ जाने का फैसला किया। शीलू ने अपनी और अपने बेटे की सुरक्षा के लिए पुलिस में शिकायत दर्ज की, जिसके बाद पुलिस ने शिवम को शांतिभंग के आरोप में चालान किया।
बांदा जिले के मटौंध थाना क्षेत्र में रहने वाले शीलू (28 वर्ष) की शादी 2022 में आराधना (25 वर्ष) से हुई थी। शादी के शुरुआती दिन ठीक रहे, लेकिन जल्द ही आराधना को मोबाइल गेम PUBG की लत लग गई। वह दिन-रात गेम खेलने में डूबी रहती थी, जिससे परिवार में तनाव बढ़ने लगा। इस दौरान उसकी मुलाकात लुधियाना, पंजाब के शिवम (24 वर्ष) से ऑनलाइन हुई। दोनों की दोस्ती जल्द ही प्रेम में बदल गई, और वे घंटों तक वॉट्सऐप और कॉल पर बात करने लगे।
शीलू ने बताया कि उसे शुरू में इस रिश्ते की जानकारी नहीं थी, लेकिन जब उसे आराधना की हरकतों पर शक हुआ, तो उसने इसका विरोध किया। इसके जवाब में आराधना ने उसे गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। उसने कहा, "अगर तुम मेरे और शिवम के बीच आए, तो तुम्हें 55 टुकड़ों में काटकर ड्रम में भर दूंगी।" इस धमकी से शीलू और उसका परिवार डर गया। शीलू ने कई बार आराधना को समझाने की कोशिश की, लेकिन वह अपने प्रेमी के साथ रिश्ते को लेकर अडिग रही।
25 जून 2025 को स्थिति तब और बिगड़ गई, जब शिवम अचानक लुधियाना से 900 किलोमीटर का सफर तय करके बांदा में शीलू के घर पहुंच गया। उसने आराधना के साथ जाने की मांग करते हुए हंगामा शुरू कर दिया। पड़ोसियों ने बताया कि शिवम और आराधना ने शीलू के साथ बदतमीजी की और उसे धमकाया। आराधना ने साफ कह दिया कि वह अपने पति और चार वर्षीय बेटे को छोड़कर शिवम के साथ जाना चाहती है।
शीलू ने अपनी और अपने बेटे की सुरक्षा को खतरे में देखते हुए मटौंध थाना में शिकायत दर्ज की। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए शिवम को हिरासत में लिया और शांतिभंग के आरोप में उसका चालान किया। मटौंध थाना प्रभारी इंस्पेक्टर अजय कुमार ने बताया कि शिवम को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, और प्रारंभिक जांच में पता चला कि वह और आराधना पिछले कई महीनों से संपर्क में थे। पुलिस ने आराधना को भी काउंसलिंग के लिए बुलाया, लेकिन उसने स्पष्ट रूप से शीलू और अपने बेटे को छोड़कर शिवम के साथ जाने की इच्छा जताई।
पुलिस ने इस मामले में कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं किया, क्योंकि आराधना ने स्वेच्छा से शिवम के साथ जाने का फैसला किया था। हालांकि, शीलू ने अपनी शिकायत में आराधना की धमकी और शिवम के हंगामे का जिक्र किया, जिसके आधार पर पुलिस ने शांतिभंग की कार्रवाई की।
इस घटना ने सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा छेड़ दी। कई यूजर्स ने PUBG जैसे ऑनलाइन गेम्स की लत को परिवार टूटने का कारण बताया। एक यूजर ने लिखा, "PUBG ने न जाने कितने घर बर्बाद किए हैं। यह सिर्फ एक गेम नहीं, बल्कि एक सामाजिक खतरा बन गया है।" अन्य लोगों ने आराधना की धमकी पर हैरानी जताई और इसे सामाजिक मूल्यों के पतन का प्रतीक बताया। स्थानीय लोगों में भी इस घटना को लेकर गुस्सा और दुख है। शीलू के पड़ोसियों ने बताया कि वह एक मेहनती और शांत स्वभाव का व्यक्ति है, जो अपने परिवार की देखभाल करता था।
- ऑनलाइन गेमिंग का बढ़ता खतरा
यह घटना ऑनलाइन गेमिंग और सोशल मीडिया के नकारात्मक प्रभावों को उजागर करती है। PUBG जैसे गेम्स ने न केवल युवाओं को अपनी लत में जकड़ा है, बल्कि उनके जरिए बने ऑनलाइन रिश्तों ने कई परिवारों को तोड़ दिया है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऑनलाइन गेमिंग में शामिल होने वाले किशोर और युवा अक्सर भावनात्मक रूप से कमजोर हो जाते हैं और अनजान लोगों के साथ रिश्ते बना लेते हैं, जो खतरनाक हो सकता है।
इसके अलावा, आराधना की धमकी कि वह अपने पति को 55 टुकड़ों में काटकर ड्रम में भर देगी, हाल के नीले ड्रम हत्याकांडों की याद दिलाती है। मेरठ और लुधियाना में नीले ड्रम में शव मिलने की घटनाओं ने समाज में सनसनी फैला दी थी, और आराधना की धमकी इस तरह के अपराधों की क्रूरता को दर्शाती है।
यह घटना शीलू और उसके चार वर्षीय बेटे के लिए एक बड़ा आघात है। शीलू, जो एक छोटा-मोटा व्यवसाय चलाता है, अब अपने बेटे की परवरिश अकेले कर रहा है। उसने बताया कि वह आराधना को वापस लाने की कोशिश नहीं करेगा, क्योंकि वह अपने बेटे की सुरक्षा को प्राथमिकता देना चाहता है। यह घटना समाज में माता-पिता और बच्चों के बीच बढ़ते तनाव और संवाद की कमी को भी दर्शाती है।
यह घटना समाज और प्रशासन के लिए कई सबक देती है। पहला, ऑनलाइन गेमिंग और सोशल मीडिया के उपयोग को नियंत्रित करने की जरूरत है। सरकार और सामाजिक संगठनों को जागरूकता अभियान चलाने चाहिए, ताकि युवा इनके नकारात्मक प्रभावों से बच सकें। दूसरा, परिवारों में संवाद को बढ़ावा देना जरूरी है, ताकि इस तरह के तनावपूर्ण रिश्ते टूटने से बच सकें। तीसरा, पुलिस को ऐसी धमकियों को गंभीरता से लेना चाहिए और भविष्य में होने वाले अपराधों को रोकने के लिए तत्काल कदम उठाने चाहिए।
What's Your Reaction?











