Hardoi News: SP के आदेश पर 123 हिस्ट्रीशीटर अपराधमुक्त, SP की नई पहल को मिल रही सराहना
इन्हीं फैसलों के बीच एसपी नीरज कुमार जादौन ने फिर एक अनोखा और हितकारी डिसीजन ले लिया। दरअसल, ऑपरेशन कवच अभियान के तहत जनपद के समस्त थानों के 123 हिस्ट्रीशीटरों...
By INA News Hardoi.
SP नीरज कुमार जादौन अपनी अद्वितीय कार्यशैली व बेहतर कानून-व्यवस्था के लिए जाने जाते हैं। उनके द्वारा लिए गए फैसलों में जिलेवासियों का हित छिपा होता है। एक दूरदर्शी की तरह उनके आदेश काफी हद तक प्रभावी सिद्ध होते हैं। एसपी ने जिले में आने के बाद अपराध पर बेहतर अंकुश लगाने की जद में सफ़लता पाई है। नतीजन जहां एक ओर अपराधी डरे हुए हैं तो दूसरी तरफ पुलिसकर्मी भी अपनी ड्यूटी को लेकर सजग हैं। इसके फलस्वरूप जिले भर के विभिन्न क्षेत्रों में होने वाले अपराधों में काफी हद तक कमी आयी है। अगर कुछ अपराध होते भी हैं तो पुलिस ऐसे तत्वों पर इमीडिएट एक्शन लेती है।
इन्हीं फैसलों के बीच एसपी नीरज कुमार जादौन ने फिर एक अनोखा और हितकारी डिसीजन ले लिया। दरअसल, ऑपरेशन कवच अभियान के तहत जनपद के समस्त थानों के 123 हिस्ट्रीशीटरों जिनकी उम्र 70 वर्ष से अधिक है एवं विगत 10 वर्षों से कोई अपराध कार्य नहीं किया गया है। इनमें से 23 व्यक्तियों की आयु 80 वर्ष से अधिक है। ऐसे हिस्ट्रीशीटरों के साथ गोष्ठी आयोजित कर उन सभी हिस्ट्रीशीटरों को निगरानी हिस्ट्री शीट को बंद कर दिया है साथ ही इन हिस्ट्रीशीटर से अपील की है कि भविष्य में कोई भी अपराध न करें तथा किसी भी अपराध की सूचना पर पुलिस की सहायता करें। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन ने निगरानी हिस्ट्रीशीटर के साथ वार्ता की जिसका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। एसपी के इस फैसले की जिले भर में खूब प्रशंसा हो रही है।
लोग कह रहे हैं कि एसपी के इस फैसले से शेष हिस्ट्रीशीटर भी अपराध से दूर रहने की ओर प्रेरित होंगे। वायरल वीडियो में पुलिस अधीक्षक कहते नजर आ रहे हैं कि आज से अभी से अब 70 वर्ष के ऊपर के हिस्ट्रीसीटर को थाने के चक्कर नहीं लगाने होंगे ना ही उनके घर पर अब पुलिस जाएगी।पुलिस अधीक्षक की इस पहल से 70 वर्ष से अधिक की आयु के हिस्ट्रीशीटरों ने पुलिस अधीक्षक का आभार व्यक्त किया और भविष्य में अपराध से दूर रहने की शपथ ली। वर्षों अपराध से दूर रहने वाले अपराधियों के जीवन में खुशी भरने का यह प्रयोग निश्चित तौर पर हरदोई के इतिहास में एक नई कहानी लिखेगा।
ये ईश्वरी हैं जो हरदोई के अतरौली के रहने वाले हैं , हिस्ट्रीशीटर थे ये अब से कुछ देर पहले तक। नियम के अनुसार इनको थाने में हाजिरी देने भी जाना पड़ता था इस बुजुर्गियत में भी। आज इनकी हिस्ट्रीशीट लिखा पढ़ी में खत्म कर दी गयी , अब इन्हें ना पुकार में हिस्ट्रीशीटर कहा जायेगा और ना थाने जाना पड़ेगा इन्हें।
इनके जैसे कई ऐसे बुजुर्ग हिस्ट्रीशीटर जो पिछले दस वर्षों से भी ज्यादा समय से किसी भी तरह के अपराध में लिप्त नही रहे उनकी हिस्ट्रीशीट आज बंद कर दी गयी , मुक्त कर दिया गया इनको सबको। अब इनको थाने नही जाना पड़ेगा हाजिरी देने और ना कोई कह सकेगा कि ये तो उस फलाने हिस्ट्रीशीटर का घर है। ये सभी क्षेत्र में होने वाले अपराधों की रोकथाम के लिए पुलिस की मदद भी करेंगे।
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