Ahemdabad Plane Crash: गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी की दुखद मृत्यु, 241 लोगों का निधन, कई परिवार पीड़ा की आग में सुलग रहे
गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता विजय रूपाणी इस विमान में यात्री नंबर 12 के रूप में सवार थे। 69 वर्षीय रूपाणी, जो 201....
अहमदाबाद : गुजरात की राजधानी अहमदाबाद में गुरुवार को हुए एक भीषण विमान हादसे ने पूरे देश को सदमे में डाल दिया। एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171, जो अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से लंदन के लिए उड़ान भर रही थी, टेकऑफ के कुछ ही सेकंड बाद मेघानीनगर के घनी आबादी वाले इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी सहित 241 लोगों की जान चली गई, जबकि केवल एक यात्री जीवित बचा। यह भारत के सबसे भयावह विमानन हादसों में से एक है।
विजय रूपाणी: एक राजनेता का अंत
गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता विजय रूपाणी इस विमान में यात्री नंबर 12 के रूप में सवार थे। 69 वर्षीय रूपाणी, जो 2016 से 2021 तक गुजरात के मुख्यमंत्री रहे, अपनी सादगी और प्रशासनिक कुशलता के लिए जाने जाते थे।
उनकी मृत्यु की खबर ने गुजरात के राजनीतिक और सामाजिक हलकों में शोक की लहर दौड़ा दी। रूपाणी लंदन में एक व्यक्तिगत यात्रा पर जा रहे थे, और उनकी पत्नी अंजलि रूपाणी इस हादसे में उनके साथ नहीं थीं।
हादसे का घटनाक्रम
- विमान और समय: बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर (रजिस्ट्रेशन VT-ANB) ने दोपहर 1:39 बजे रनवे 23 से उड़ान भरी। टेकऑफ के 50 सेकंड बाद, विमान ने अचानक ऊंचाई खो दी और मेघानीनगर में एक रेजिडेंट डॉक्टर्स हॉस्टल की इमारत से टकरा गया। टक्कर के बाद भयंकर आग लग गई, जिसने आसपास के इलाके को तबाही में बदल दिया।
- यात्री और चालक दल: विमान में 230 यात्री और 12 चालक दल के सदस्य सवार थे, जिनमें 169 भारतीय, 53 ब्रिटिश, 7 पुर्तगाली, और 1 कनाडाई नागरिक शामिल थे। हादसे में केवल 40 वर्षीय विश्वास कुमार रमेश (सीट 11ए) जीवित बचे, जिनका सिविल अस्पताल में इलाज चल रहा है।
- पायलट और कॉकपिट: विमान का संचालन कैप्टन सुमीत सभरवाल (8,200 घंटे का अनुभव) और सह-पायलट क्लाइव कुंदर (1,100 घंटे का अनुभव) कर रहे थे। दोनों की मृत्यु हो गई।
हादसे का कारण और जांच
- प्रारंभिक अनुमान: नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने प्रारंभिक जांच में इंजन में तकनीकी खराबी और संभावित पायलट त्रुटि को हादसे का कारण बताया। फ्लाइटरडार 24 के डेटा के अनुसार, विमान ने टेकऑफ के 51 सेकंड बाद रडार से संपर्क खो दिया।
- मेडे सिग्नल: पायलट ने टकराने से पहले एयर ट्रैफिक कंट्रोल को "मेडे" संदेश भेजा, जो आपातकाल का संकेत है। इसके बाद कोई और संदेश नहीं मिला।
- साजिश की आशंका: कुछ अटकलों में विमान में विस्फोट या आतंकी साजिश की बात उठी, लेकिन जांच एजेंसियों ने अभी तक इसकी पुष्टि नहीं की। एनआईए और आतंकवाद निरोधक दस्ता भी जांच में शामिल है।
- मौसम की भूमिका: तेज हवाएं या माइक्रोबर्स्ट जैसे मौसमी कारक भी संभावित कारण हो सकते हैं, लेकिन इस पर विशेषज्ञों की राय बंटी हुई है।
मृतकों की पहचान और राहत कार्य
- मृत्यु और पहचान: हादसे में 241 लोगों की मौत की पुष्टि हुई, जिनमें विजय रूपाणी और दोनों पायलट शामिल हैं। कई शव बुरी तरह जल चुके हैं, जिसके कारण डीएनए जांच के जरिए पहचान की जा रही है। अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में शवों को रखा गया है।
- बचाव कार्य: एनडीआरएफ, बीएसएफ, और स्थानीय फायर ब्रिगेड की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। आग बुझाने और मलबे से शव निकालने का काम देर रात तक चला।
- एयर इंडिया की प्रतिक्रिया: एयर इंडिया ने हेल्पलाइन नंबर (1800-5691-444) जारी किया और मृतकों के परिजनों को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की।
नेताओं और हस्तियों के बयान
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी: "विजय रूपाणी जी का निधन गुजरात और देश के लिए अपूरणीय क्षति है। उनकी सेवाएं हमेशा याद की जाएंगी। मेरी संवेदनाएं उनके परिवार और सभी प्रभावितों के साथ हैं।"
- गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल: "विजय भाई हमारे मार्गदर्शक थे। उनका जाना गुजरात की राजनीति में एक बड़ा शून्य छोड़ गया।"
- केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह: "हादसे की गहन जांच होगी। केंद्र और राज्य सरकार पीड़ितों के साथ खड़ी है।" शाह ने अहमदाबाद पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।
- कांग्रेस नेता राहुल गांधी: "विजय रूपाणी जी के निधन से स्तब्ध हूं। यह हादसा राष्ट्रीय त्रासदी है। सरकार को पीड़ितों की हरसंभव मदद करनी चाहिए।"
- एयर इंडिया के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन: "हम इस त्रासदी से गहरे दुख में हैं। हमारी प्राथमिकता पीड़ितों और उनके परिजनों की सहायता करना है।"
स्थानीय प्रभाव और जनजीवन
- नुकसान: विमान का मलबा मेघानीनगर में रेजिडेंट डॉक्टर्स हॉस्टल और आसपास की इमारतों पर गिरा, जिससे भारी तबाही हुई। स्थानीय लोगों ने आग और धुएं के बीच भयावह दृश्यों का वर्णन किया।
- हवाई अड्डा बंद: हादसे के बाद अहमदाबाद हवाई अड्डे पर उड़ानें रोक दी गईं, जिससे कई फ्लाइट्स को डायवर्ट करना पड़ा।
- सोशल मीडिया: हादसे के वीडियो, जिसमें 50 सेकंड का सीसीटीवी फुटेज शामिल है, सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुए।
विजय रूपाणी का योगदान
विजय रूपाणी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में अपने कार्यकाल में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए, जिनमें स्मार्ट सिटी परियोजनाओं को बढ़ावा देना और औद्योगिक विकास शामिल है। उनके नेतृत्व में गुजरात ने निवेश के क्षेत्र में नई ऊंचाइयां छुईं। उनकी मृत्यु को गुजरात की राजनीति में एक बड़ा झटका माना जा रहा है।
आगे की राह
- जांच: डीजीसीए और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर और फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर की जांच कर रहे हैं। हादसे के सटीक कारण का पता लगाने में समय लग सकता है।
- सुरक्षा पर सवाल: यह हादसा भारतीय विमानन उद्योग के लिए सुरक्षा मानकों पर नए सिरे से विचार करने का मौका देता है।
- शोक: गुजरात सरकार ने एक दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है, और रूपाणी के सम्मान में कई कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं।
अहमदाबाद विमान हादसे ने न केवल एक प्रमुख राजनेता को छीना, बल्कि 241 परिवारों को असहनीय दुख दिया। विजय रूपाणी की मृत्यु ने गुजरात की राजनीति में एक युग का अंत कर दिया। एकमात्र बचे यात्री विश्वास कुमार रमेश की कहानी चमत्कार की तरह है, लेकिन यह त्रासदी देश के लिए एक गहरी चेतावनी है। जांच के नतीजे और सरकार की कार्रवाई पर पूरे देश की नजर है।
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