वाराणसी नमो घाट पर योगी की सुरक्षा में बड़ी चूक- शराबी युवक ने तोड़ा घेरा, मंच तक पहुंचा लेकिन कमांडो की ने रोका, तत्काल गिरफ्तार।
उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले के नमो घाट पर मंगलवार को काशी तमिल संगमम 4.0 कार्यक्रम के उद्घाटन समारोह के दौरान मुख्यमंत्री
उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले के नमो घाट पर मंगलवार को काशी तमिल संगमम 4.0 कार्यक्रम के उद्घाटन समारोह के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सुरक्षा व्यवस्था में एक गंभीर चूक सामने आई। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंच पर तमिलनाडु के राज्यपाल आरएन रवि तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ विराजमान थे, तभी एक नशे में धुत युवक ने सुरक्षा घेरा तोड़ते हुए सीधे मंच की ओर दौड़ लगाई। युवक मंच पर चढ़ने की कोशिश करने लगा, लेकिन मौके पर तैनात कमांडो ने फुर्ती दिखाते हुए उसे झपट्टा मारकर पकड़ लिया तथा तुरंत हिरासत में ले लिया। घटना के वीडियो में साफ दिखा कि युवक लड़खड़ाते कदमों से आगे बढ़ रहा था तथा ऊंची आवाज में कुछ बड़बड़ा रहा था, जिससे कार्यक्रम स्थल पर कुछ क्षणों के लिए अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय पुलिस ने युवक को तत्काल गिरफ्तार कर लिया तथा आदमपुर थाने ले जाया गया, जहां से पूछताछ शुरू की गई।
कार्यक्रम नमो घाट पर शाम करीब सात बजे शुरू हुआ था, जो उत्तर और दक्षिण भारत के सांस्कृतिक एकीकरण का प्रतीक था। काशी तमिल संगमम का यह चौथा संस्करण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक भारत श्रेष्ठ भारत की दृष्टि से प्रेरित था, जिसमें सांस्कृतिक, आर्थिक तथा सामाजिक सहभागिता पर जोर दिया गया। मंच पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संबोधन में कहा कि यह आयोजन उत्तर भारत में तमिल संस्कृति के द्वार खोल रहा है तथा काशी को वैश्विक धरोहर के रूप में स्थापित कर रहा है। इसी बीच युवक की दौड़ ने सबकी नजरें खींच लीं, और कमांडो की त्वरित कार्रवाई ने किसी बड़े हादसे को टाल दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक ने मंच के ठीक सामने से गुजरते हुए सीएम की ओर इशारा किया तथा कुछ अस्पष्ट शब्द बोले, लेकिन सुरक्षा टीम ने बिना विलंब उसे नियंत्रित कर लिया। कार्यक्रम के आयोजकों ने घटना को अलग-थलग बताते हुए कहा कि समारोह निर्बाध रूप से चला तथा सभी अतिथियों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई।
पकड़े गए युवक की पहचान वाराणसी के चौबेपुर क्षेत्र के बजरिया मोहल्ला निवासी 25 वर्षीय जोगिंदर गुप्ता उर्फ बाला के रूप में हुई। जोगिंदर स्थानीय रेलवे स्टेशन पर पानी की बोतलें बेचने का काम करता है तथा उसके परिजनों के अनुसार उसकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं रहती। पूछताछ के दौरान जोगिंदर ने बताया कि वह क्षेत्र में शराब की बिक्री बंद करने के मुद्दे पर मुख्यमंत्री से मिलना चाहता था तथा इसी उद्देश्य से कार्यक्रम स्थल पहुंचा। उसने कहा कि चौबेपुर इलाके में अवैध शराब की बिक्री से परेशान है तथा नशा मुक्ति के लिए कदम उठाने की मांग कर रहा था। हालांकि, नशे के प्रभाव में वह बड़बड़ा रहा था तथा गाली-गलौज भी कर रहा था, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। उसके भाई ने पुलिस को बताया कि जोगिंदर को पहले नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया गया था, लेकिन छुट्टी के बाद वह फिर शराब पीने लगा। परिजनों ने कहा कि वह कम ही घर आता है तथा अक्सर इधर-उधर घूमता रहता है। पुलिस ने जोगिंदर की मेडिकल जांच कराई, जिसमें शराब का सेवन पुष्ट हुआ।
आदमपुर थाने में दर्ज प्राथमिकी में युवक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 186 के तहत सार्वजनिक सेवक को बाधा पहुंचाने तथा धारा 351 के तहत आपराधिक बल प्रयोग का मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने कहा कि यदि आवश्यक हुआ तो मानसिक स्वास्थ्य संबंधी धाराओं का भी उपयोग किया जाएगा। जोगिंदर को रात में ही न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया तथा उसके परिजनों को सूचना दे दी गई। स्थानीय पुलिस अधीक्षक ने बताया कि घटना की विस्तृत जांच की जा रही है तथा सुरक्षा में हुई चूक के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई का निर्णय लिया जाएगा। नमो घाट पर कार्यक्रम के दौरान कुल 500 से अधिक पुलिसकर्मी तथा एसपीजी कमांडो तैनात थे, लेकिन युवक के घेरा तोड़ने से सवाल उठे कि भीड़ प्रबंधन में कमी क्यों रही। प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि कार्यक्रम स्थल पर दर्शकों की संख्या अधिक होने से सुरक्षा पर दबाव पड़ा, लेकिन कमांडो की तत्परता ने स्थिति संभाल ली।
काशी तमिल संगमम 4.0 का आयोजन केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय तथा उत्तर प्रदेश सरकार के सहयोग से किया गया था, जो काशी को तमिल संस्कृति से जोड़ने का माध्यम था। कार्यक्रम में तमिल कविताओं का पाठ, पारंपरिक नृत्य तथा सांस्कृतिक प्रदर्शन शामिल थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उद्घाटन सत्र में कहा कि काशी विश्वनाथ धाम से तमिलनाडु के मंदिरों तक सांस्कृतिक धागा एक है तथा यह आयोजन आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देगा। राज्यपाल आरएन रवि ने कहा कि यह कार्यक्रम दक्षिण भारत की परंपराओं को उत्तर भारत में लाने का प्रयास है। केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शिक्षा तथा संस्कृति के एकीकरण पर जोर दिया। घटना के बावजूद कार्यक्रम सुचारु रूप से चला तथा समापन तक कोई अन्य विघ्न नहीं आया। आयोजकों ने कहा कि नमो घाट पर सुरक्षा के लिए मेटल डिटेक्टर तथा सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे, लेकिन युवक के पास कोई हथियार नहीं था।
वाराणसी पुलिस ने घटना के बाद नमो घाट क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी तथा आसपास के इलाकों में विशेष चेकिंग अभियान चलाया। जिला मजिस्ट्रेट ने सुरक्षा समिति की बैठक बुलाई तथा भविष्य के कार्यक्रमों के लिए प्रोटोकॉल सख्त करने के निर्देश दिए। युवक जोगिंदर के परिजनों ने कहा कि वह मानसिक रूप से अस्थिर है तथा इलाज के बावजूद नशे की लत से जूझ रहा है। पुलिस ने उसके मोबाइल फोन तथा अन्य सामान की जांच की, लेकिन कोई संदिग्ध सामग्री नहीं मिली। प्रारंभिक रिपोर्ट में यह स्पष्ट हुआ कि युवक का कोई राजनीतिक या आपराधिक इरादा नहीं था, बल्कि नशे के नशे में वह अपनी शिकायत दर्ज कराना चाहता था। आदमपुर थाने के प्रभारी ने कहा कि युवक के खिलाफ मामला दर्ज है तथा कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की जाएगी। परिजनों को काउंसलिंग के लिए नशा मुक्ति केंद्र भेजने की सलाह दी गई।
यह घटना वाराणसी में हालिया सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़ी करती है, जहां शहर धार्मिक तथा सांस्कृतिक आयोजनों का केंद्र है। नमो घाट गंगा नदी के किनारे स्थित है तथा पर्यटकों तथा श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रहती है। कार्यक्रम के दौरान स्थल पर 10,000 से अधिक दर्शक उपस्थित थे, जो तमिल संगमम की लोकप्रियता दर्शाता है। आयोजकों ने कहा कि यह आयोजन वाराणसी को वैश्विक सांस्कृतिक हब बनाने की दिशा में कदम है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी दौरे के दौरान अन्य विकास परियोजनाओं का भी उद्घाटन किया, जिसमें काशी विश्वनाथ कॉरिडोर विस्तार शामिल था। घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने प्रोटोकॉल की समीक्षा शुरू कर दी तथा भीड़ नियंत्रण के लिए नई रणनीति अपनाने का निर्णय लिया। पुलिस ने युवक को रिमांड पर लेकर विस्तृत पूछताछ की योजना बनाई है।
काशी तमिल संगमम का यह संस्करण तीन दिवसीय था, जिसमें सांस्कृतिक सत्र, सेमिनार तथा प्रदर्शनियां शामिल थीं। कार्यक्रम का उद्देश्य तमिल भाषा तथा संस्कृति को काशी की परंपराओं से जोड़ना था। घटना के बावजूद आयोजन सफल रहा तथा दर्शकों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आनंद लिया। स्थानीय प्रशासन ने कहा कि नमो घाट पर सुरक्षा को और मजबूत किया जाएगा। युवक जोगिंदर के पड़ोसियों ने बताया कि वह अक्सर शराब पीकर बड़बड़ाता रहता है तथा इलाके में अवैध नशे की समस्या से परेशान है। पुलिस ने चौबेपुर क्षेत्र में शराब की बिक्री पर निगरानी बढ़ाने का आश्वासन दिया। यह घटना सुरक्षा तंत्र की त्वरित प्रतिक्रिया को भी रेखांकित करती है, जहां कमांडो ने बिना देर किए कार्रवाई की।
वाराणसी में सांस्कृतिक आयोजनों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन सुरक्षा चुनौतियां बनी हुई हैं। नमो घाट पर गंगा आरती के दौरान भी सख्त सुरक्षा रहती है, लेकिन भीड़ के कारण कभी-कभी चूक हो जाती है। जिला प्रशासन ने सभी थानों को अलर्ट जारी किया तथा वीआईपी कार्यक्रमों के लिए अतिरिक्त बल तैनाती का आदेश दिया। युवक के परिजनों ने कहा कि वे उसके इलाज के लिए सहयोग करेंगे। पुलिस ने घटना का वीडियो विश्लेषण किया तथा सीसीटीवी फुटेज से युवक के आने-जाने का रिकॉर्ड खंगाला। प्रारंभिक जांच में कोई साजिश का पता नहीं चला। आयोजकों ने कहा कि काशी तमिल संगमम अगले वर्ष और बड़े स्तर पर होगा।
यह घटना मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के वाराणसी दौरे का हिस्सा थी, जहां उन्होंने सांस्कृतिक एकता पर जोर दिया। कार्यक्रम के बाद योगी ने स्थानीय विकास कार्यों का निरीक्षण किया। सुरक्षा चूक की जांच में यह सामने आया कि युवक स्थानीय निवासी था तथा कार्यक्रम में सामान्य दर्शक के रूप में शामिल हुआ था। पुलिस ने उसके खिलाफ कोई पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड न पाए जाने की बात कही। नमो घाट पर कार्यक्रम की सफलता से सांस्कृतिक सहयोग को बल मिला। युवक को थाने में रखा गया तथा उसके स्वास्थ्य की निगरानी की जा रही है। स्थानीय निवासियों ने क्षेत्र में नशा नियंत्रण के लिए अभियान चलाने की मांग की।
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