Hardoi: समाजसेवी और डॉक्टर ने बचाई नन्ही बच्ची की जान
बच्चे भगवान का रूप रूप होते है :- अंकित सिंह परमार
संडीला- हरदोई।
जहाँ देश मे बच्चियों के साथ बुरी घटनाएं घटित हो रही वही हरदोई के युवा समाज को लगातार सकारात्मक संदेश देकर उन्हें सही दिशा दिखाने का प्रयास कर रहे है। समाजसेवा मे हमेशा महत्वपूर्ण योगदान देकर अलग पहचान बनने वाले समाजसेवी अंकित सिंह परमार ने फिर एक बार मानवता की मिशाल पेश की। रात मे 1 बजे मोबाइल की घंटी बजी श्री परमार ने फ़ोन उठाया तो उधर से दवी आवाज मे रोती हुई एक माताजी अपनी 3 साल की बच्ची बबिता के बारे मे बताती है। माताजी जी बताती है, उसकी बेटी बबिता जिसकी आयु मात्र 3 वर्ष है उसके दिल मे छेंद है और डॉक्टर सर्जरी के लिए बोल रहे है वो क्या करें आर्थिक तंगी और जानकारी का आभाव उनकी आवाज से स्पष्ट समझ आ रहा था श्री परमार ने उन्हें भरोसा दिलागा आप बिल्कुल परेशान ना हो और कहा अभी आपको कॉल आएगा वो आपसे मिलेंगे और हर संभव मदद करेंगे.
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श्री परमार ने अपनी टीम के डॉ राजीव कुमार सिंह को तुरंत कॉल किया जो की इस समय लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज (ट्रामा सेंटर ओ0 टी0 )मे कार्यरत है और सारी बात बताई डॉ राजीव तुरंत माताजी से मिले बच्ची बबिता को भर्ती कराकर इलाज शुरू कराया डॉक्टर ने ब्लड की अवश्यता बताई परिस्थिति को देखते हुए स्वयं डॉक्टर राजीव ने ब्लड डोनेट कर समाज को मानवता का संदेश दिया। बच्ची की माँ से बात हुई तो उन्होंने बताया समाजसेवी अंकित सिंह परमार और डॉक्टर राजीव उनके लिए भगवान का रूप बनकर आए है डॉक्टर साहब ने रात मे बच्ची को भर्ती कराया आर्थिक मदद की और मेरी बच्ची को अपना खून दिया। जब हमारी बात डॉक्टर राजीव से हुई तो उन्होंने बताया की वो भी हरदोई के कसरावाँ निवासी है और समाजसेवी अंकित सिंह परमार का काम उन्हें बहुत प्रभावित करता है बीते 9 साल से वो श्री परमार से जुड़े है और उनसे जो भी होता है वो सेवा मे योगदान करते रहते है।
संवाददाता - मुकेश सिंह
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