हरदोई में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर भाजपा का हमला, विपक्ष पर लगाए महिला विरोधी होने के आरोप।
प्रभारी मंत्री असीम अरुण बोले— ‘सशक्त महिला ही विकसित भारत की पहचान’, कांग्रेस पर लगाया बिल रोकने का आरोप
Hardoi: जिले में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा के स्वतंत्र प्रभार मंत्री एवं जिला प्रभारी असीम अरुण ने जिला कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में विपक्ष, खासकर कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर तीखा हमला बोला।
जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन की मौजूदगी में आयोजित प्रेस वार्ता में असीम अरुण ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने ‘अटकाने और भटकाने’ की राजनीति को समाप्त कर ‘सेवा और समर्पण’ के माध्यम से देशवासियों की आकांक्षाओं को पूरा किया है। उन्होंने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को भारतीय लोकतंत्र के लिए एक ऐतिहासिक कदम बताते हुए कहा कि यह आने वाली पीढ़ियों को नई दिशा देगा।
- विपक्ष पर साधा निशाना
मंत्री असीम अरुण ने आरोप लगाया कि संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम से जुड़े संशोधन पर विपक्ष ने विरोध में मतदान कर महिला विरोधी मानसिकता का परिचय दिया। उन्होंने कहा कि आवश्यक दो-तिहाई बहुमत न मिलने से विधेयक पारित नहीं हो सका, जो विपक्ष की ‘दल-हित पहले’ की सोच को दर्शाता है।
उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी की कथनी और करनी में हमेशा अंतर रहा है। दशकों तक महिला आरक्षण को ठंडे बस्ते में रखने वाली कांग्रेस आज भी इस मुद्दे पर गंभीर नहीं है।
- इतिहास के उदाहरण गिनाए
असीम अरुण ने कहा कि कांग्रेस का इतिहास महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर विरोधाभासों से भरा है। उन्होंने शाह बानो मामले का जिक्र करते हुए कहा कि 1985 में सुप्रीम कोर्ट के फैसले को वोट बैंक की राजनीति के चलते पलट दिया गया था। इसके अलावा महिला आरक्षण बिल को वर्षों तक लंबित रखने का आरोप भी कांग्रेस पर लगाया।
- मोदी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं
मंत्री ने कहा कि पिछले 11 वर्षों में महिला सशक्तिकरण केवल नारा नहीं, बल्कि जमीनी हकीकत बना है। उन्होंने बताया कि:
- मुद्रा योजना में करीब 69% ऋण महिलाओं को दिए गए
- 10 करोड़ से अधिक महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़ीं
- उज्ज्वला योजना के तहत 10.33 करोड़ से अधिक परिवारों को गैस कनेक्शन मिला
- पीएम आवास योजना में 73% घर महिलाओं के नाम आवंटित किए गए
- ट्रिपल तलाक समाप्त कर महिलाओं को न्याय दिलाया गया
- मिशन शक्ति के तहत 819 वन स्टॉप सेंटर संचालित हैं
उन्होंने देश को द्रौपदी मुर्मू के रूप में पहली जनजातीय महिला राष्ट्रपति मिलने को भी महिला सशक्तिकरण का बड़ा उदाहरण बताया।
- नारी शक्ति से आह्वान
अंत में असीम अरुण ने कहा कि देश की नारी शक्ति अब अपने अधिकारों के प्रति जागरूक है और अपमान व राजनीति का जवाब लोकतंत्र के माध्यम से देगी। इस मौके पर जिला उपाध्यक्ष अलका गुप्ता, प्रीतेश दीक्षित, संदीप सिंह, ओम वर्मा, सत्यम शुक्ला, सीमा बिस्वास, अतुल सिंह, परेश लोहिया, आयुष सिंह, ऋतुराज त्रिपाठी और अभय दीक्षित समेत कई भाजपा पदाधिकारी मौजूद रहे।
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