सूरत: फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. राधिका कोटडिया ने कैफे की 9वीं मंजिल से कूदकर दी जान, सगाई के दो महीने पहले मंगेतर से झगड़े का शक
डॉ. राधिका मूल रूप से जामनगर जिले के कालावाड़ तहसील के मोती भेगड़ी गांव की रहने वाली थीं। वे कई साल पहले सूरत आ गई थीं और यहां सरथाना जकात नाका के पा
सूरत। गुजरात के सूरत शहर के सरथाना इलाके में शुक्रवार शाम को एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया। 28 वर्षीय फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. राधिका जमांभाई कोटडिया ने चाय पार्टनर कैफे की नौवीं मंजिल से कूदकर अपनी जान दे दी। यह हादसा 21 नवंबर 2025 को करीब साढ़े सात बजे शाम को सरथाना बिजनेस हब के अटिथि कमर्शियल कॉम्प्लेक्स में हुआ। डॉ. राधिका की सगाई जनवरी 2025 में हुई थी और उनकी शादी 19 फरवरी 2026 को तय थी। शुरुआती जांच में पुलिस को शक है कि मंगेतर से किसी बात पर झगड़ा कारण हो सकता है। डॉ. राधिका का अपना प्राइवेट क्लिनिक था और वे एक सफल जीवन जी रही थीं। घटनास्थल पर पहुंची 108 एम्बुलेंस टीम ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सरथाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। परिवार वाले सदमे में हैं और पुलिस से न्याय की मांग कर रहे हैं।
डॉ. राधिका मूल रूप से जामनगर जिले के कालावाड़ तहसील के मोती भेगड़ी गांव की रहने वाली थीं। वे कई साल पहले सूरत आ गई थीं और यहां सरथाना जकात नाका के पास विकास शॉपर्स की पहली मंजिल पर श्रीजी फिजियो क्लिनिक चला रही थीं। क्लिनिक में वे मरीजों का इलाज करतीं और स्थानीय स्तर पर काफी नाम कमा चुकी थीं। डॉ. राधिका के परिवार में माता-पिता और एक भाई हैं। वे सरथाना के विश्वा रेजिडेंसी, श्यामधाम मंदिर के पास अपने परिवार के साथ रहती थीं। सगाई के बाद उनका जीवन खुशहाल लग रहा था। मंगेतर एक स्थानीय व्यवसायी हैं और दोनों का रिश्ता परिवार वालों ने तय किया था। लेकिन पुलिस को मिले सुरागों से लगता है कि हाल ही में दोनों के बीच मतभेद बढ़ गए थे। एक दोस्त ने बताया कि डॉ. राधिका अक्सर फोन पर उदास रहने लगी थीं। वे कहतीं कि शादी की तैयारियां चल रही हैं, लेकिन मन में कुछ कसक सी है।
घटना वाले दिन डॉ. राधिका शाम करीब सात बजे अकेले ही चाय पार्टनर कैफे पहुंचीं। यह कैफे सरथाना बिजनेस हब की सबसे ऊपरी मंजिल पर है, जहां से शहर का खूबसूरत नजारा दिखता है। कैफे में कई कपल्स शाम की चाय एंजॉय कर रहे थे। सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, डॉ. राधिका ने चाय का ऑर्डर दिया और अकेले ही एक टेबल पर बैठ गईं। वे करीब 20 मिनट रहीं। इस दौरान उन्होंने अपना फोन चेक किया और कुछ मैसेज किए। पुलिस को संदेह है कि इसी समय उन्होंने जहर की टिक्कियां भी खाईं। कैफे के स्टाफ ने कुछ असामान्य नहीं देखा, लेकिन अचानक वे बाथरूम की ओर गईं। वहां से लौटकर वे सीधे छत की ओर बढ़ीं और निचली मंजिल की बालकनी से कूद पड़ीं। नीचे गिरते ही चीखें गूंज उठीं। आसपास के लोग दौड़े और 108 को कॉल किया। लेकिन डॉक्टरों ने मौके पर ही मौत की पुष्टि कर दी।
पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर छानबीन शुरू की। सरथाना पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर ने बताया कि डॉ. राधिका का शव नीचे सड़क पर मिला। चोटें इतनी गंभीर थीं कि बचना असंभव था। सीसीटीवी फुटेज से साफ है कि वे अकेली थीं। उनके हैंडबैग में फोन, पर्स और कुछ दवाएं मिलीं। फोन में मंगेतर से आखिरी मैसेज थे, जो झगड़े की ओर इशारा करते हैं। एक मैसेज में डॉ. राधिका ने लिखा था, 'तुम्हारी बातें मुझे तोड़ रही हैं।' पुलिस ने मंगेतर को पूछताछ के लिए बुलाया है। शुरुआती बयानों से पता चला कि दोनों के बीच शादी की तैयारियों को लेकर विवाद हुआ था। मंगेतर ने कहा कि वे सिर्फ बहस कर रहे थे, आत्महत्या का कोई इरादा नहीं था। लेकिन परिवार वाले मंगेतर पर दबाव डालने का आरोप लगा रहे हैं। डॉ. राधिका के भाई ने पुलिस को बताया कि बहन अक्सर कहती थीं कि मंगेतर उनकी आजादी पर सवाल उठाते हैं।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से और खुलासा हुआ। डॉक्टरों ने पाया कि डॉ. राधिका ने कूदने से पहले जहर की टिक्कियां निगल ली थीं। उनके पेट से विषाक्त पदार्थ के सैंपल लिए गए हैं। यह टिक्कियां अनाज में मिलाने वाली जहर वाली होती हैं, जो तेज असर करती हैं। पुलिस को शक है कि डॉ. राधिका ने कैफे पहुंचते ही इन्हें खा लीं। सीसीटीवी में यह साफ दिख रहा है। फॉरेंसिक टीम ने सैंपल जांच के लिए भेज दिए हैं। रिपोर्ट आने के बाद कारण स्पष्ट होगा। पुलिस ने कोई सुसाइड नोट नहीं मिलने की बात कही, लेकिन फोन रिकॉर्ड और चैट हिस्ट्री से जांच जारी है। सरथाना पुलिस ने मामला आत्महत्या का मानकर दर्ज किया है, लेकिन अगर मंगेतर का हाथ साबित हुआ, तो धारा 306 के तहत कार्रवाई होगी। इंस्पेक्टर ने कहा कि हम हर पहलू देख रहे हैं। परिवार का सहयोग मिल रहा है।
यह घटना सूरत में महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर सवाल खड़े कर रही है। डॉ. राधिका जैसी पढ़ी-लिखी और स्वावलंबी महिला का यह कदम सबको चौंका गया। उनके क्लिनिक के मरीजों ने बताया कि वे हमेशा मुस्कुराती रहती थीं। एक मरीज ने कहा, 'डॉक्टर साहिबा ने मेरी कमर दर्द ठीक किया था। वे इतनी सकारात्मक थीं। क्या हुआ होगा?' परिवार ने बताया कि डॉ. राधिका बचपन से ही मेहनती थीं। जामनगर से सूरत आकर फिजियोथेरेपी में डिप्लोमा किया। क्लिनिक खोला और सफल हुईं। सगाई के बाद सब ठीक लग रहा था। लेकिन शादी की तनाव ने शायद उन्हें तोड़ दिया। मां ने रोते हुए कहा, 'बेटी चली गई, अब क्या होगा। हमने कभी नहीं सोचा था।' भाई ने पुलिस से गुजारिश की कि पूरी सच्चाई सामने लाएं।
सूरत पुलिस ने महिलाओं के लिए हेल्पलाइन नंबर शुरू किए हैं। 22 अप्रैल 2025 से तीन नंबर 24 घंटे चालू हैं। इंस्पेक्टर ने अपील की कि तनाव में लोग इनका सहारा लें। गुजरात में ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं। हाल ही में सूरत के ही एक सिविल हॉस्पिटल के डॉक्टर ने आत्महत्या की थी। लेकिन डॉ. राधिका का मामला अलग है। वे प्राइवेट प्रैक्टिस में थीं। विशेषज्ञों का कहना है कि शादी के दबाव से युवा महिलाएं प्रभावित हो रही हैं। काउंसलर ने कहा कि बातचीत से कई जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। सोशल मीडिया पर इस घटना पर बहस छिड़ गई। लोग कह रहे हैं कि वैवाहिक तनाव को नजरअंदाज न करें। एक एनजीओ ने जागरूकता अभियान शुरू करने की बात कही।
मंगेतर का बयान महत्वपूर्ण है। पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ की। उन्होंने कहा कि डॉ. राधिका डिप्रेशन में नहीं थीं। बस छोटी-मोटी बहस हुई। लेकिन चैट से साफ है कि झगड़ा गहरा था। एक दोस्त ने बताया कि डॉ. राधिका ने कहा था, 'शादी के बाद क्या होगा, डर लगता है।' परिवार ने मंगेतर के परिवार से बात की, लेकिन कोई समाधान न निकला। पुलिस अब उनके फोन रिकॉर्ड चेक कर रही है। अगर कोई सबूत मिला, तो केस एबेटमेंट टू सुसाइड बनेगा। इंस्पेक्टर ने कहा कि जांच निष्पक्ष होगी। डॉ. राधिका का शव पोस्टमॉर्टम के बाद परिवार को सौंप दिया गया। अंतिम संस्कार शनिवार को हुआ। कई मरीज और दोस्त पहुंचे।
यह दुखद घटना समाज को आईना दिखाती है। सफलता के बावजूद मानसिक तनाव किसी को नहीं बख्शता। डॉ. राधिका की मौत से उनके क्लिनिक के मरीज परेशान हैं। एक सहकर्मी ने कहा, 'वे मेरी मेंटर थीं। अब कौन देखेगा?' सूरत म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन ने कैफे की सुरक्षा चेक करने का आदेश दिया। ऊपरी मंजिलों पर रेलिंग मजबूत करने को कहा। कैफे मालिक ने कहा कि वे निर्दोष हैं। डॉ. राधिका अकेली आई थीं। स्टाफ ने कुछ संदिग्ध नहीं देखा। लेकिन घटना के बाद कैफे बंद कर दिया गया। पुलिस ने सीसीटीवी जब्त कर लिया।
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