सावधान...... यहाँ आना खतरे से खाली नही- जर्जर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र: खतरे में मरीजों की जान, जिला प्रशासन की उदासीनता, निर्माण कार्य ठप। 

MP News: मध्यप्रदेश के बैतूल जिले में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर भारी लापरवाही सामने आ रही है जिसमे स्वास्थ्य केंद्रों में पदस्थ डॉ की कहे...

By INA News Desk
Jul 15, 2025 - 17:46
55 Views
सावधान...... यहाँ आना खतरे से खाली नही- जर्जर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र: खतरे में मरीजों की जान, जिला प्रशासन की उदासीनता, निर्माण कार्य ठप। 
जर्जर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र: खतरे में मरीजों की जान, जिला प्रशासन की उदासीनता, निर्माण कार्य ठप। 
Advertisement
Advertisement

रिपोर्ट- शशांक सोनकपुरिया, बैतूल मध्यप्रदेश

MP News: मध्यप्रदेश के बैतूल जिले में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर भारी लापरवाही सामने आ रही है जिसमे स्वास्थ्य केंद्रों में पदस्थ डॉ की कहे या स्टाफ की गांव गांव जो स्वास्थ्य केंद्र बनाए गए है वहाँ सिर्फ ताला ही लटका रहता है पदस्थ स्टाफ घर से ही ड्यूटी करते है वहीं दूसरी ओर स्वास्थ्य विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है जहाँ चिचोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दयनीय स्थिति है जबकि नगर मुख्यालय होने के बावजूद स्वास्थ्य केंद्र चिचोली जर्जर हालत में पडा हुआ है जहा आये दिन मरीजो और कर्मचारियों पर छत का प्लास्टर गिरता रहता है। 

जिससे लोग उपचार कराने अस्पताल आने मे कतरा रहे है वही चिकित्सा अधिकारी डॉ संदीप धुर्वे द्वारा अस्पताल जगह-जगह पर चेतावनी चस्पा कर दी गई है कि सावधान अस्पताल में आना खतरे से खाली नही  प्रति दिन मरीजो पर , स्टाफ कर्मचारी पर छत  का प्लास्टर गिर रहा है और वे लोग घायल हो रहे हैं पर शासन प्रशासन का अस्पताल पर ध्यान  ही नही है जानकारी है कि एक वर्ष पुर्व विधायक गंगा बाई उईके ने निर्माण का शुभारंभ भी किया था परन्तु जो अभी ठन्डे बस्ते में पड़ा है ग्रामीण नवनीत आर्य ने कहा चारो ओर से क्षेत्र में मरीज़ लोग उपचार कराने मुख्यालय अस्पताल पर आते हैं और बैतूल इन्दौर नेशनल हाईवे पर होने से सड़क हादसे अक्सर होते हैं।

यहा डाक्टर भी नही रहते हैं महिलाएं भी परेशान हैं यहा महिला डाक्टर की भी पोस्टिंग  नही है  जिससे चिचोली क्षेत्र के लोग खासे परेशान होते है और महिला सबंधी बीमारी के लिए जिला मुख्यालय तक जाने को मजबूर है वहीं दूसरी ओर जर्जर भवन किसी बड़े हादसे के इन्तेजार में है अब देखना यह होगा कि जिला कलेक्टर मामले में संज्ञान लेकर कब इस जर्जर भवन ने निजात दिलाते है या फिर कोई बड़े हादसे का इन्तेजार किया जाएगा।

Also Read- डीएम का अजब कारनामा: 12 साल से जमे डिप्टी रेंजर को भ्रष्टाचार के आरोपों के बावजूद सौंपा तीन रेंज का प्रभार, जंगल सुरक्षा पर सवाल।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

Advertisement
Advertisement