भारत सरकार ने 25 OTT Apps पर लगाया प्रतिबंध, Ekta Kapoor ने ALTT से संबंध न होने का किया दावा।

Entertainment News: भारत सरकार ने अश्लील और आपत्तिजनक सामग्री दिखाने के आरोप में 25 OTT (ओवर-द-टॉप) Apps और वेबसाइट्स पर प्रतिबंध लगा ...

Jul 28, 2025 - 15:51
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भारत सरकार ने 25 OTT Apps पर लगाया प्रतिबंध, Ekta Kapoor ने ALTT से संबंध न होने का किया दावा।
भारत सरकार ने 25 OTT Apps पर लगाया प्रतिबंध, Ekta Kapoor ने ALTT से संबंध न होने का किया दावा।

भारत सरकार ने अश्लील और आपत्तिजनक सामग्री दिखाने के आरोप में 25 OTT (ओवर-द-टॉप) Apps और वेबसाइट्स पर प्रतिबंध लगा दिया। इनमें ALTT, उल्लू (Ullu), डेसीफ्लिक्स (Desiflix), बिग शॉट्स (Big Shots), और मूडएक्स (MoodX) जैसे लोकप्रिय प्लेटफॉर्म शामिल हैं। सरकार ने इन Apps पर अश्लील, अशोभनीय, और कुछ मामलों में पोर्नोग्राफिक सामग्री प्रसारित करने का आरोप लगाया, जो सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम, 2000 और आईटी नियम, 2021 का उल्लंघन करता है। इस कार्रवाई के बाद, मशहूर टीवी और फिल्म निर्माता Ekta Kapoor ने स्पष्ट किया कि उनका और उनकी मां शोभा कपूर का ALTT से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि वे जून 2021 से इस प्लेटफॉर्म से अलग हो चुकी हैं। यह घटना सोशल मीडिया और सियासी गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई है, और कई लोग इसे डिजिटल सामग्री पर नियंत्रण की दिशा में बड़ा कदम मान रहे हैं।

भारत सरकार के सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने 23 जुलाई 2025 को 25 OTT प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ कार्रवाई की। इनमें 26 वेबसाइट्स और 14 मोबाइल Apps शामिल हैं, जिनमें से नौ गूगल प्ले स्टोर और पांच ऐप्पल ऐप स्टोर पर उपलब्ध थे। मंत्रालय ने गृह मंत्रालय, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय, महिला और बाल विकास मंत्रालय, कानून मंत्रालय, और उद्योग संगठनों जैसे FICCI और CII के साथ मिलकर यह फैसला लिया।

इन प्लेटफॉर्म्स पर दिखाई गई सामग्री में अश्लील दृश्य, अनावश्यक नग्नता, और ऐसी कहानियां थीं जिनमें सामाजिक या कलात्मक मूल्य नहीं था। सरकार ने कहा कि ये सामग्री भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 292, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 67 और 67A, और महिलाओं की अशोभनीय प्रस्तुति (निषेध) अधिनियम, 1986 का उल्लंघन करती है।

बैन किए गए प्लेटफॉर्म्स की सूची में शामिल हैं: ALTT, उल्लू, डेसीफ्लिक्स, बिग शॉट्स, बूमेक्स, नव रस लाइट, गुलाब ऐप, कंगन ऐप, बुल ऐप, जलवा ऐप, शो हिट, वाह एंटरटेनमेंट, लुक एंटरटेनमेंट, हिट प्राइम, फेनियो, शोएक्स, सोल टॉकीज, अड्डा टीवी, हॉटएक्स वीआईपी, हलचल ऐप, मूडएक्स, नियोनएक्स वीआईपी, फूगी, मोजफ्लिक्स, और ट्राइफ्लिक्स।

  • Ekta Kapoor और शोभा कपूर का बयान

ALTT, जिसे पहले ऑल्ट बालाजी के नाम से जाना जाता था, को 2017 में बालाजी टेलीफिल्म्स की सहायक कंपनी ALT डिजिटल मीडिया एंटरटेनमेंट लिमिटेड ने लॉन्च किया था। Ekta Kapoor और उनकी मां शोभा कपूर इस कंपनी की प्रवर्तक निदेशक थीं। हालांकि, ALTT के प्रतिबंध के बाद Ekta Kapoor ने इंस्टाग्राम पर एक आधिकारिक बयान जारी किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे और उनकी मां जून 2021 से ALTT से किसी भी तरह से जुड़ी नहीं हैं।

उनके बयान में कहा गया, “बालाजी टेलीफिल्म्स लिमिटेड, जो बीएसई और एनएसई पर सूचीबद्ध है, एक पेशेवर रूप से संचालित मीडिया संगठन है। ALT डिजिटल मीडिया एंटरटेनमेंट लिमिटेड (जो पहले इसकी पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी थी) के हाल के विलय के बाद, जो माननीय एनसीएलटी द्वारा 20 जून 2025 से स्वीकृत है, अब यह ALTT का संचालन करता है। Ekta Kapoor और श्रीमती शोभा कपूर का ALTT से किसी भी तरह का कोई संबंध नहीं है, और वे जून 2021 में अपनी हिस्सेदारी से अलग हो चुकी हैं। इसके विपरीत कोई भी दावा गलत है, और मीडिया से अनुरोध है कि सही तथ्य प्रस्तुत करें।”

एकता ने यह भी जोड़ा कि बालाजी टेलीफिल्म्स सभी लागू कानूनों का पूरी तरह पालन करता है और उच्च स्तर की कॉर्पोरेट गवर्नेंस के साथ काम करता है। उन्होंने अपने पोस्ट को कैप्शन दिया, “जिसे भी यह चिंता हो।”

प्रतिबंध का कारण

सरकार ने इन 25 प्लेटफॉर्म्स पर प्रतिबंध लगाने का फैसला कई कारणों से लिया। पिछले दो वर्षों में, राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) और आम जनता से कई शिकायतें मिली थीं। इन शिकायतों में कहा गया कि उल्लू और ALTT जैसे प्लेटफॉर्म्स पर ऐसी सामग्री दिखाई जा रही थी, जो सामाजिक मूल्यों और सांस्कृतिक मानदंडों के खिलाफ थी।

सितंबर 2024 में, सरकार ने इन सभी 25 प्लेटफॉर्म्स को चेतावनी दी थी कि वे अश्लील और आपत्तिजनक सामग्री को हटाएं, लेकिन इन प्लेटफॉर्म्स ने इसका पालन नहीं किया। कुछ प्लेटफॉर्म्स, जिन्हें मार्च 2024 में पहले प्रतिबंधित किया गया था, नए डोमेन के साथ फिर से शुरू हो गए। इसके बाद, सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने 23 जुलाई 2025 को इंटरनेट सेवा प्रदाताओं (ISPs) को इन प्लेटफॉर्म्स तक सार्वजनिक पहुंच को बंद करने का निर्देश दिया।

सामग्री में अत्यधिक यौन उत्तेजक दृश्य, अनावश्यक नग्नता, और ऐसी कहानियां शामिल थीं, जो बिना किसी सामाजिक संदेश या कहानी के केवल दर्शकों को आकर्षित करने के लिए बनाई गई थीं। सरकार ने इसे “भारत की सांस्कृतिक विरासत को नष्ट करने वाला” और “युवा पीढ़ी को भ्रष्ट करने वाला” बताया।

इस प्रतिबंध ने सोशल मीडिया और समाज में व्यापक चर्चा छेड़ दी। कई लोगों ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया। सामाजिक कार्यकर्ता उदय माहुरकर, जो ‘सेव कल्चर सेव भारत’ फाउंडेशन के प्रमुख हैं, ने इसे “भारत को महान बनाने की दिशा में एक बड़ी जीत” बताया। उन्होंने कहा कि इस तरह की सामग्री युवाओं को गलत रास्ते पर ले जाती है।

हालांकि, कुछ लोगों ने इसे सेंसरशिप का रूप बताते हुए कहा कि पूर्ण प्रतिबंध के बजाय बेहतर आयु सत्यापन और माता-पिता नियंत्रण प्रणाली लागू की जानी चाहिए। एक सोशल मीडिया यूजर ने लिखा, “सामग्री विनियमन जरूरी है, लेकिन पूर्ण प्रतिबंध सही नहीं है। तकनीकी समाधान बेहतर हो सकते हैं।”

विपक्षी दलों ने भी इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया दी। कुछ नेताओं ने सवाल उठाया कि क्या सरकार मुख्यधारा के OTT प्लेटफॉर्म्स जैसे नेटफ्लिक्स और प्राइम वीडियो पर भी ऐसी सख्ती दिखाएगी।

  • Ekta Kapoor पर विवाद

ALTT के प्रतिबंध के बाद Ekta Kapoor का नाम सुर्खियों में आया। कुछ सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया गया कि इस प्रतिबंध से Ekta Kapoor को 900 से 1000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। हालांकि, एकता ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा कि उनकी ALTT से कोई हिस्सेदारी नहीं है।

इसके अलावा, 108 वकीलों ने Ekta Kapoor के पद्म श्री पुरस्कार को रद्द करने की मांग करते हुए राष्ट्रपति को पत्र लिखा। उन्होंने दावा किया कि एकता ने अपनी सामग्री के जरिए अश्लीलता और अनैतिकता को बढ़ावा दिया। सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका को स्वीकार किया और संबंधित मंत्रालयों को नोटिस जारी किया।

एकता ने पहले भी अपनी वेब सीरीज जैसे ‘XXX’ और ‘गंदी बात’ के लिए विवादों का सामना किया है। 2020 में, उनके खिलाफ अश्लील सामग्री प्रसारित करने के लिए कई कानूनी मामले दर्ज किए गए थे। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने उनके पुराने बयानों का हवाला देते हुए कहा कि एकता ने स्वीकार किया था कि उनकी कुछ सामग्री “हद से आगे” चली गई थी।

  • बालाजी टेलीफिल्म्स पर प्रभाव

बालाजी टेलीफिल्म्स, जो एकता और शोभा कपूर द्वारा स्थापित कंपनी है, ने स्पष्ट किया कि वह सभी कानूनों का पालन करती है। ALTT अब बालाजी टेलीफिल्म्स द्वारा संचालित है, और कंपनी का कहना है कि वह उच्च कॉर्पोरेट गवर्नेंस मानकों का पालन करती है।

हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि ALTT के प्रतिबंध से बालाजी टेलीफिल्म्स को 900 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ, क्योंकि कंपनी ने अपनी सहायक कंपनी ALT डिजिटल मीडिया में 795 करोड़ रुपये का निवेश और 103 करोड़ रुपये का ऋण दिया था। एकता ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा कि उनकी ALTT से कोई वित्तीय हिस्सेदारी नहीं है।

इस प्रतिबंध ने डिजिटल सामग्री विनियमन पर बहस छेड़ दी है। इसे और बेहतर करने के लिए निम्नलिखित कदम उठाए जा सकते हैं:

सख्त दिशानिर्देश: OTT प्लेटफॉर्म्स के लिए स्पष्ट सामग्री दिशानिर्देश बनाए जाएं, जिसमें आयु-उपयुक्त रेटिंग और चेतावनी शामिल हों।

तकनीकी समाधान: आयु सत्यापन और माता-पिता नियंत्रण जैसे उपायों को लागू किया जाए।

जागरूकता अभियान: निर्माताओं और दर्शकों को कानूनी और नैतिक सामग्री मानकों के बारे में जागरूक किया जाए।

नियमित निगरानी: सरकार और उद्योग संगठनों को मिलकर OTT सामग्री की नियमित निगरानी करनी चाहिए।

भारत सरकार द्वारा 25 OTT Apps पर प्रतिबंध डिजिटल सामग्री को विनियमित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। Ekta Kapoor ने ALTT से अपने संबंध को स्पष्ट करते हुए कहा कि वे और उनकी मां 2021 से इस प्लेटफॉर्म से अलग हैं। यह घटना सामाजिक मूल्यों, सांस्कृतिक मानदंडों, और डिजिटल स्वतंत्रता के बीच संतुलन की जरूरत को सामने लाती है। सरकार का यह कदम भविष्य में जिम्मेदार कहानी कहने को बढ़ावा दे सकता है, लेकिन इसे लागू करने में तकनीकी और पारदर्शी दृष्टिकोण की जरूरत है। यह देखना दिलचस्प होगा कि यह प्रतिबंध OTT उद्योग को किस दिशा में ले जाता है।

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