छत्तीसगढ़ के बीजापुर में सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई- 7 लाख रुपये के इनामी दो खूंखार नक्सली मुठभेड़ में ढेर, सीएम विष्णु देव साय ने की सफलता की सराहना

मारे गए नक्सलियों की पहचान पामेड़ एरिया कमेटी के सदस्य प्रदीप उर्फ जोगा (एसीएम) और पार्टी सदस्य भीमा वेको (पीएम) के रूप में हुई। प्रदीप उर्फ जोगा पर 5 लाख रुपये का घोषि

Jan 30, 2026 - 07:58
 0  9
छत्तीसगढ़ के बीजापुर में सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई- 7 लाख रुपये के इनामी दो खूंखार नक्सली मुठभेड़ में ढेर, सीएम विष्णु देव साय ने की सफलता की सराहना
छत्तीसगढ़ के बीजापुर में सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई- 7 लाख रुपये के इनामी दो खूंखार नक्सली मुठभेड़ में ढेर, सीएम विष्णु देव साय ने की सफलता की सराहना

  • बीजापुर जिले के कावरगट्टा क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में दो नक्सली मारे गए, प्रदीप उर्फ जोगा और भीमा वेको पर कुल 7 लाख का इनाम, शव बरामद
  • पामेड़ थाना क्षेत्र में डीआरजी, बस्तर फाइटर्स और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने नक्सलियों को किया ढेर, हथियार और विस्फोटक सामग्री भी बरामद, सीएम साय ने शांति की नई इबारत लिखने का उल्लेख किया

29 जनवरी 2026 को छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई। यह मुठभेड़ पामेड़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत कावरगट्टा-गुंडराजगुड़ेम जंगल पहाड़ी इलाके में सुबह लगभग 7 बजे शुरू हुई। डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (डीआरजी), बस्तर फाइटर्स और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने नक्सल विरोधी अभियान के तहत सर्च ऑपरेशन चलाया था। गोलीबारी के बाद मुठभेड़ स्थल से दो नक्सलियों के शव बरामद किए गए।

मारे गए नक्सलियों की पहचान पामेड़ एरिया कमेटी के सदस्य प्रदीप उर्फ जोगा (एसीएम) और पार्टी सदस्य भीमा वेको (पीएम) के रूप में हुई। प्रदीप उर्फ जोगा पर 5 लाख रुपये का घोषित इनाम था जबकि भीमा वेको पर 2 लाख रुपये का इनाम था। दोनों नक्सलियों पर कुल 7 लाख रुपये का इनाम था। ये दोनों कई हिंसक घटनाओं में शामिल थे। इनमें पूर्व सरपंच भीमा मरकम की हत्या का मामला भी शामिल है। मुठभेड़ के दौरान सुरक्षा बलों ने एक एके-47 राइफल, एक 9 एमएम पिस्टल, गोला-बारूद, विस्फोटक सामग्री और अन्य नक्सली सामग्री बरामद की। गोलीबारी रुकने के बाद सर्च ऑपरेशन जारी रहा। मुठभेड़ स्थल से वर्दीधारी दो माओवादी कैडरों के शव प्राप्त हुए। पुलिस ने इनकी प्रारंभिक शिनाख्त की।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस सफलता पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कावरगट्टा क्षेत्र में बहादुर संयुक्त टीमों ने दो कुख्यात माओवादियों को सफलतापूर्वक निष्प्रभावी किया। उन्होंने डीआरजी, बस्तर फाइटर्स और सीआरपीएफ की टीमों की बहादुरी का उल्लेख किया। सीएम साय ने कहा कि शांति की नई इबारत लिखी जा रही है। उन्होंने इस कार्रवाई को नक्सलवाद पर बड़ा वार बताया। यह ऑपरेशन 28 जनवरी की शाम से शुरू हुआ था जब खुफिया जानकारी के आधार पर डीआरजी टीम ने सर्च शुरू किया। 29 जनवरी की सुबह गोलीबारी शुरू हुई। मुठभेड़ दक्षिण बीजापुर के जंगलों में हुई जहां नक्सली कैडर मौजूद थे। सुरक्षा बलों ने क्षेत्र को घेरा और कार्रवाई की। मारे गए नक्सली पामेड़ एरिया कमेटी से जुड़े थे। प्रदीप उर्फ जोगा एरिया कमेटी सदस्य थे और भीमा वेको पार्टी सदस्य थे। दोनों ने क्षेत्र में कई हिंसक घटनाओं को अंजाम दिया था। इनाम घोषणा के बाद भी वे सक्रिय थे।

सुरक्षा बलों ने मुठभेड़ के बाद शवों को बरामद किया। हथियारों में एके-47 और पिस्टल शामिल थे। विस्फोटक सामग्री भी मिली। ऑपरेशन के दौरान कोई सुरक्षा बल का जवान घायल होने की जानकारी नहीं आई। यह घटना छत्तीसगढ़ में चल रहे नक्सल विरोधी अभियान का हिस्सा है। बीजापुर जिला बस्तर क्षेत्र में आता है जहां नक्सली गतिविधियां सक्रिय रही हैं। सुरक्षा बल नियमित ऑपरेशन चला रहे हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने एक्स पर पोस्ट कर टीमों की बहादुरी का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि नक्सलियों को निष्प्रभावी करने में टीमों ने अदम्य साहस दिखाया। मुठभेड़ के बाद सर्च और घेराबंदी जारी रही। पुलिस ने आगे की जांच शुरू की। दोनों नक्सलियों की गतिविधियों का विवरण पुलिस के पास उपलब्ध है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow