Sitapur : चावल मिल में मजदूर की संदिग्ध मौत, परिवार ने मुआवजा और जांच की मांग की
शव का पोस्टमार्टम देरी से होने के कारण रात में परिजनों को सौंपा गया। आज दारानगर में उनका अंतिम संस्कार हुआ। घनश्याम अपनी पत्नी उर्मिला (36 वर्ष) और दो बच्चों शिवां
सीतापुर। खूबपुर स्थित राजू आत्माराम चावल मिल में काम करने वाले मजदूर घनश्याम (38 वर्ष) की संदिग्ध हालात में मौत से इलाके में गुस्सा फैल गया है। घनश्याम दारानगर गांव के रहने वाले थे और पिछले छह साल से मिल में काम कर रहे थे। मिल में काम के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और खून की उल्टी होने लगी। साथी मजदूरों ने मालिक को बताया और 108 एम्बुलेंस से जिला अस्पताल ले गए। वहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
शव का पोस्टमार्टम देरी से होने के कारण रात में परिजनों को सौंपा गया। आज दारानगर में उनका अंतिम संस्कार हुआ। घनश्याम अपनी पत्नी उर्मिला (36 वर्ष) और दो बच्चों शिवांग (13 वर्ष) व शिवा (10 वर्ष) को छोड़ गए। परिवार मजदूरी पर ही चलता था, इसलिए घर में सन्नाटा छा गया है।
परिवार, ग्रामीणों और आजाद अधिकार सेना के जिलाध्यक्ष नवल किशोर मिश्रा ने जिला प्रशासन व श्रम अधिकारी से तुरंत मदद मांगी। उन्होंने आरोप लगाया कि मिल में प्राथमिक उपचार की कोई व्यवस्था नहीं है। मजदूरों को समय पर इलाज नहीं मिला और सुरक्षा के नियमों की अनदेखी हो रही है। नवल किशोर मिश्रा ने कहा कि यह मौत लापरवाही से हुई है, इसलिए निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
परिवार को मुआवजा देने, बच्चों की पढ़ाई व घर चलाने की पक्की व्यवस्था करने तथा मिल मालिक पर कार्रवाई की मांग उठी। मिल मालिक न तो घटना के समय पहुंचे और न ही अब तक कोई आर्थिक मदद दी। ग्रामीणों और संगठनों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द जांच व कार्रवाई न हुई तो आंदोलन करेंगे।
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