हरदोई: पम्प सोलराइजेशन योजना में 2,39,000 का सोलर पम्प 23,900 में उपलब्ध होगा

उत्तर प्रदेश सौर ऊर्जा नीति-2022 के तहत पीएम कुसुम योजना के अंतर्गत विद्युत से संचालित निजी पम्प को सौर ऊर्जा से संचालित करने के लिए किसानों को सब्सिडी दी जाएगी। इस योजना का लाभ 'पहले आओ पहले पाओ' के आधार पर मिलेगा। ऐसे में जिन किसानों को सोलर पंप के लिए अनुदान चाहि

Jan 10, 2025 - 23:38
 0  111
हरदोई: पम्प सोलराइजेशन योजना में 2,39,000 का सोलर पम्प 23,900 में उपलब्ध होगा

By INA News Hardoi।

निजी मीटर्ड ऑर्गनाइज पम्प सोलराइजेशन योजना में राज्य सरकार 30% व केंद्र सरकार 30% तक का अनुदान देगी। किसानों को 40 प्रतिशत अंशदान देना होगा। यूपीनेडा द्वारा 4।5 एचपी क्षमता के लिए 2,39,000 का सोलर पम्प 23,900 में उपलब्ध होगा। 7।5 एचपी क्षमता का तीन लाख 93,250 रूपये का पम्प 39,325 रूपये में उपलब्ध करवाया जायेगा। 14।9 एचपी क्षमता का सात लाख 19 हजार 950 रूपये की लागत का सोलर पंप 71,995 रूपये में मिलेगा।योजना के लिए आवेदन यूपीनेडा के पोर्टल kusumc1.in पर किया जा सकता है। अधिक जानकारी के लिए यूपीनेडा कार्यालय से सम्पर्क कर सकते है। निजी मीटर्ड ऑर्गनाइज पम्प सोलराइजेशन योजना के अंतर्गत किसानों को सब्सिडी पर सोलर पंप दिए जाएंगे।

उत्तर प्रदेश सौर ऊर्जा नीति-2022 के तहत पीएम कुसुम योजना के अंतर्गत विद्युत से संचालित निजी पम्प को सौर ऊर्जा से संचालित करने के लिए किसानों को सब्सिडी दी जाएगी। इस योजना का लाभ 'पहले आओ पहले पाओ' के आधार पर मिलेगा। ऐसे में जिन किसानों को सोलर पंप के लिए अनुदान चाहिए, वह 10 दिन में ऑनलाइन आवेदन कर अपने लिए सोलर पंप की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। यूपीनेडा के पोर्टल http://upnedakusumc 1.in पर पूर्व में किए गए आवेदन के इच्छुक लाभार्थी किसान नया ऑनलाइन आवेदन पर अपना अंशदान जमा कर सकते हैं। यूपीनेडा की तरफ से जारी गई की गई प्रेस रिलीज में बताया गया है कि पीएम कुसुम सी1 योजना के तहत साल 2024-25 में प्रदेश के लिए थ्री एचपी, फाइव एचपी, 7.5 एचपी और 10 एचपी के 1000 निजी मीटर्स ऑनग्रिड पंप के सोलराइजेशन का टारगेट रखा गया है।

Also Read: 600 से अधिक बकाएदारों के विद्युत कनेक्शन काटे, दूसरे चरण का पंजीकरण 1 से 15 जनवरी तक

निजी मीटर्ड ऑन ग्रिड पंप के सोलराइजेशन के लिए विभिन्न क्षमताओं के संयंत्र लगाने के लिए किसान को अंशदान जमा करना होगा। प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि थ्री एचपी पंप की क्षमता के लिए सोलर पावर प्लांट की क्षमता 4।5 किलो वाट होगी। इसके लिए किसानों को 23,900 का अनुदान जमा करना होगा। फाइव एचपी क्षमता के पंप के लिए 7:5 किलोवाट सोलर पावर प्लांट क्षमता की आवश्यकता होगी। इसके लिए 39,325 रुपये किसानों को जमा करना होगा। 7.5 एचपी पंप की क्षमता के लिए 11.2 किलोवाट सोलर पावर प्लांट की क्षमता होगी। इसके लिए 54,800 रुपये कृषक अंशदान जमा होगा। इसी तरह 10 एचपी पंप के लिए सोलर पावर प्लांट की क्षमता 14.9 किलोवाट होगी।

इसके लिए किसान को 2,26,750 रुपये जमा करने होंगे। बता दें कि केंद्र सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से निजी ऑनग्रिड पंप सोलराइजेशन के लिए सब्सिडी दी जाती है। इनमें केंद्र सरकार की तरफ से 30 प्रतिशत अनुदान के अलावा अनुसूचित जनजाति वनटांगिया और मुसहर जाति के किसानों के लिए राज्य अनुदान 70 प्रतिशत होता है। अन्य श्रेणी के किसानों के लिए केंद्रीय अनुदान 30 प्रतिशत के अलावा राज्य अनुदान 60 प्रतिशत अनुमन्य है। सिर्फ 10 प्रतिशत ही अंशदान किसानों को देना होता है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow