विद्यार्थी जीवन गीत - अधिक पढाई खेल कम, करता है जो नित्य.... ।

अधिक पढाई खेल कम, करता है जो नित्य।  पास परीक्षा में हुये, करे अध्ययन कृत्य ।

Jan 6, 2025 - 15:06
262 Views
विद्यार्थी जीवन गीत - अधिक पढाई खेल कम, करता है जो नित्य.... ।

गीता सागर, इन्दरपुर

विद्यार्थी जीवन
 
अधिक पढाई खेल कम, करता है जो नित्य। 
पास परीक्षा में हुये, करे अध्ययन कृत्य ।।

रहन -बसन हो सादगी, जैसे संत सुजान।
मीठी वाणी बोल के, देना सबको मान।। 

बना समय का सारणी ,पालन करना रोज। 
तुझमें क्या -क्या है  कमी, मंथन करके खोज।। 

संगति ऐसी कीजिये, मिले ज्ञान सम्मान। 
फिर समाज में  आपका, हुये नेक पहचान।। 

Also Read- लघुकथा- गर्माहट

धन दौलत से  श्रेष्ठ है, विद्या धन को  मान।
हो विदेश या देश में, मिले सदा सम्मान।। 

है  कठोर तप अध्ययन ,चुटकी में  मत टाल। 
करें पढ़ाई ध्यान से , अल्प लगेगी काल।।  

 गीता  कवयित्री कहे, पढ़ने को  मत छोड़।
आये बाधा राह में, साहस करके तोड़।। 

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow