Varanasi : कचरा निस्तारण में लापरवाही पर वाराणसी के 490 होटलों और रेस्टोरेंटों को नोटिस
नगर निगम ने बताया कि शहर के चार बड़े होटल मदीन, क्लार्क, रमाडा और ताज गंगेज खुद खाद बनाकर नियमों का बेहतर पालन कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर, महापौर अशोक कुमार तिवारी ने मैदागिन और कोतवाली क्षेत्र का निरीक्षण किया। इस दौ
वाराणसी नगर निगम ने शहर के 490 होटलों और रेस्टोरेंटों को कचरा प्रबंधन के नियमों का पालन न करने पर नोटिस जारी किया है। इन सभी संस्थानों को तीन दिन के भीतर अपने परिसर में कचरा निस्तारण की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है। अपर नगर आयुक्त सविता यादव ने चेतावनी दी है कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम २०२६ के तहत अब कचरे का निपटारा करना संस्थानों की अपनी जिम्मेदारी है। नियमों के अनुसार, जो संस्थान रोजाना १०० किलो से ज्यादा कचरा निकालते हैं या भारी मात्रा में पानी का इस्तेमाल करते हैं, उन्हें गीले कचरे को खाद में बदलने की मशीन लगानी होगी। लापरवाही बरतने पर संस्थानों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई और भारी जुर्माना लगाया जाएगा।
नगर निगम ने बताया कि शहर के चार बड़े होटल मदीन, क्लार्क, रमाडा और ताज गंगेज खुद खाद बनाकर नियमों का बेहतर पालन कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर, महापौर अशोक कुमार तिवारी ने मैदागिन और कोतवाली क्षेत्र का निरीक्षण किया। इस दौरान पराड़कर भवन के पीछे बना नया शौचालय बंद मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए ५००० रुपये का जुर्माना लगाने का आदेश दिया। निरीक्षण में जगह-जगह गंदगी, जलभराव और अवैध कब्जे मिलने पर महापौर ने अधिकारियों को तुरंत सफाई कराने और अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर की सफाई व्यवस्था में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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