Hardoi: एक माह बाद भी संडीला पुलिस नहीं कर पाई चोरी का खुलासा, चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने में असफल संडीला पुलिस
इस तरह की हो रही वारदातों से संडीला वासियों में शाम ढलते ही दहशत पनप जाती है पुलिस के द्वारा इन घटनाओं पर अंकुश न लगा पाना आम जनमानस के जहन में तरह-तरह के सवाल पुलिस के प्रति उठने लगे हैं।
ताबड़तोड़ हो रही चोरी की घटनाओं से संडीला वासियों में दहशत
Sandila- Hardoi News INA.
कस्बा में एक माह पूर्व डाक बंगला संडीला के सामने मोहल्ला अब्बास नगर में बंद मकान से लाखों रुपए की नगदी व जेवरात तथा अलमारी में रखी रिवाल्वर पर चोरों ने हाथ साफ कर दिया था जिसका आज तक पुलिस खुलासा नहीं कर पाई ,कस्बा में चोरों के द्वारा ताबड़तोड़ घटनाओं को अंजाम दिया जा रहा है कहीं चोर चोरी की घटना करने में सफल हो जाते हैं तो कहीं असफल हो जाते हैं और इस तरह की हो रही वारदातों से संडीला वासियों में शाम ढलते ही दहशत पनप जाती है पुलिस के द्वारा इन घटनाओं पर अंकुश न लगा पाना आम जनमानस के जहन में तरह-तरह के सवाल पुलिस के प्रति उठने लगे हैं।
बताते चलें कि कोतवाली संडीला बस अड्डा चौकी से सौ कदम डाक बंगला के सामने मोहल्ला अब्बास नगर में उजैर अहमद अपने पिता के इलाज के सिलसिले में एक सितंबर को मकान में ताला डालकर नोएडा गया हुआ था इसी दौरान मौका पाकर बीती रात चोरों ने धावा बोलकर घर में रखें लगभग ढाई लाख रुपए व 40 तोला सोना तथा 750 ग्राम चांदी के जेवरातों के साथ-साथ अलमारी में रखी रिवाल्वर पर हाथ साफ कर दिया।
इसके बाद पुलिस के द्वारा मौका का मुआयना किया गया और आश्वासन दिया गया कि जल्द ही घटना का खुलासा किया जाएगा धीरे-धीरे एक माह बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली है।
इसके बाद बुलंद हौसलों के साथ शाम ढलते ही चोरों के द्वारा लगातार धावा बोलकर संडीला क्षेत्र में चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया जा रहा है और चोर कहीं चोरी करने में सफल हो रहे हैं तो कहीं असफलता हाथ लग रही है परंतु चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने में संडीला पुलिस पूरी तरह से नाकाम साबित हो रही है । कस्बा के बस अड्डा पुलिस चौकी के अंतर्गत मोहल्ला बाबा हजारा बाग कॉलोनी में राजू राठौर के मकान पर चोरों ने धावा बोला था परंतु वहां पर घर में सो रहे लोगों के जागने की आहट से चोरी करने में असफल रहे और रस्सी के सहारे कूद कर भाग गए ।
इस प्रकार से शाम ढलते ही कस्बा वासियों में भय व्याप्त हो जाता है और रात-रात भर लोग घरों में जागने को मजबूर हैं तथा हो रही घटनाओं पर पुलिस के हाथ खाली हैं जिससे जनता में पुलिस के प्रति आक्रोश का माहौल पनपता जा रहा है।
रिपोर्ट: मुकेश सिंह
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