Sambhal : वक्फ पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का मौलाना मोहम्मद मियां ने किया स्वागत, सरकार को दी नसीहत

ना ने कहा कि वह सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले का इस्तकबाल करते हैं क्योंकि यह इंसाफ और न्याय की दलील है। उन्होंने आरोप लगाया कि संसद में सरकार ने विपक्ष और मुसलमानों की बातों को नजर

Sep 17, 2025 - 13:04
 0  146
Sambhal : वक्फ पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का मौलाना मोहम्मद मियां ने किया स्वागत, सरकार को दी नसीहत
मौलाना मोहम्मद मियां, मुस्लिम धर्मगुरु

Report : उवैस दानिश, सम्भल

संभल। सुप्रीम कोर्ट द्वारा वक्फ से जुड़े फैसले पर मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना मोहम्मद मियां ने खुशी जाहिर करते हुए इसका स्वागत किया है। उन्होंने इसे इंसाफ की जीत और संविधान की मजबूती का प्रतीक बताया। मौलाना मोहम्मद मियां ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला न सिर्फ वक्फ बोर्ड के लिए बल्कि देश के सभी मुसलमानों के लिए राहत और भरोसे का संदेश लेकर आया है।

मौलाना ने कहा कि वह सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले का इस्तकबाल करते हैं क्योंकि यह इंसाफ और न्याय की दलील है। उन्होंने आरोप लगाया कि संसद में सरकार ने विपक्ष और मुसलमानों की बातों को नजरअंदाज कर अपने मनमाने फैसले लिए, जबकि सुप्रीम कोर्ट ने विपक्ष और मुसलमानों की दलीलों पर गंभीरता से विचार किया और उसे अहमियत दी। मौलाना ने कहा कि हमें देश की अदालतों पर पूरा भरोसा है और यही भरोसा एक बार फिर मजबूत हुआ है।

सरकार को नसीहत देते हुए मौलाना मोहम्मद मियां ने कहा कि वह कानून और संविधान की मूल भावना के विपरीत कोई कदम न उठाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार मनमानी करती रही, तो उसे सुप्रीम कोर्ट से बार-बार शर्मिंदगी उठानी पड़ेगी। मौलाना ने स्पष्ट कहा कि संविधान और कानून देश की रीढ़ हैं और इनकी अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

उन्होंने आगे कहा कि भारत दुनियाभर में सबसे ज्यादा मुस्लिम आबादी वाला देश है। ऐसे में सरकार की जिम्मेदारी है कि वह मुसलमानों के विश्वास को कायम रखे और उनके अधिकारों का सम्मान करे। मौलाना ने सरकार पर आरोप लगाया कि वह गलतफहमियों में रहकर मुसलमानों को जबरदस्ती समझाने और उनके मामलों में हस्तक्षेप करने की कोशिश कर रही है।

मौलाना मोहम्मद मियां ने यह भी कहा कि मुसलमानों के मामलों में तंजीमों, इदायरे और उलेमा की अहम भूमिका होती है। सरकार को चाहिए कि वह इन संस्थाओं और धार्मिक नेताओं से संवाद करे, न कि उन्हें दरकिनार कर फैसले थोपे। उन्होंने मुसलमानों से भी अपील की कि वे कानून पर भरोसा रखें और शांतिपूर्ण तरीके से अपने हक की लड़ाई लड़ें।

Also Click : वैष्णो देवी यात्रा फिर शुरू: 22 दिनों के सस्पेंशन के बाद श्रद्धालुओं में उत्साह, मौसम पर निर्भर

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow