17 जुलाई से 05 सितम्बर तक भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-163 लागू - डीएम
Hardoi News: जिला मजिस्ट्रेट अनुनय झा ने कहा है कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-163 के अन्तर्गत आदेश। जिला मजिस्ट्रेट....
Hardoi News: जिला मजिस्ट्रेट अनुनय झा ने कहा है कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-163 के अन्तर्गत आदेश। जिला मजिस्ट्रेट अनुनय झा ने जनपदवासियों से कहा है कि जैसा कि विदित है कि वर्तमान में हिना धर्म की श्रद्धा का प्रतीक पवित्र श्रावण मास प्रारम्भ हो चुका है जो कि दिनांक 08 अगस्त 2025 तक चलेगा और श्रवण मास में हिन्दु श्रद्धालुओं द्वारा कांवड यात्राएं निकाली जाती है तथा इन कांवण यात्राओं में बडी संख्या में लोग शामिल होते है एवं वर्तमान में महिला जश्रद्धालुओं द्वारा भी बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया जाता है।
यह कावंड यात्राएं पैदल, दोपहिया वाहनों एवं टैक्टर/ट्रालियों द्वारा निकाली जाती है तथा कांवड़ यात्राओं के मार्ग में श्रद्धालुओं द्वारा पड़ाव डालकर रात्रि विश्राम भी किया जाता है और विगत वर्षों में कांवड यात्राओं के दौरान कतिपय विवाद की स्थिति उत्पन्न होने की स्थितियां प्रकाश में आने के कारण शान्ति एवं कानून व्यवस्था की समस्या उत्पन्न हुई है, इसके अतिरिक्त इसी मध्य दिनांक 27 जुलाई, 2025 को उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित की जाने वाली समीक्षा अधिकारी/सहायक समीक्षा अधिकारी की परीक्षा भी आयोजित होनी है, जो कि एक अत्यन्त महत्वपूर्ण परीक्षा है और परीक्षा को निर्विघ्न, सकुशल व सुचितापूर्ण ढंग से सम्पन्न कराये जाने को दृष्टिगत रखते हुए परीक्षार्थियों को परीक्षा की तैयारी में तथा उसमें शामिल होने में किसी प्रकार का व्यवधान उत्पन्न न होने पाये तथा वर्तमान में चल रही कावंड़ यात्राओं को दृष्टिगत रखते हुए अवांछनीय लोगों द्वारा किसी प्रकार की अनैतिक एवं अनुचित गतिविधि के कारण किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न न होने पाये, इसलिए क्षेत्र में शान्ति एवं कानून व्यवस्था बनाये रखने के उद्देश्य से जनपद में धारा-163 भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के तहत निषेधाज्ञा लागू किया जाना आवश्यक प्रतीत होता है।
विभिन्न स्रोतों से अधोहस्ताक्षरी को असामाजिक तत्वों द्वारा विधि व्यवस्था एवं परिशान्ति भंग करने के कुप्रयास का संज्ञान हो गया है और पक्षों को सुनने के लिये पर्याप्त अवसर नहीं है। अतः मै, अनुनय झा, जिला मजिस्ट्रेट, हरदोई दिनांक 17 जुलाई 2025 से 05 सितम्बर 2025 तक की अवधि के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-163 के अन्तर्गत प्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए परिशान्ति एवं विधि व्यवस्था बनाये रखने के उद्देश्य से जनपद हरदोई की सीमा के अन्तर्गत निम्न निषेधाज्ञा आदेश पारित करता हूँ, जो तत्काल प्रभाव से लागू होगा।
जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि इस अवधि में बिना सक्षम अधिकारी की पूर्व अनुमति के किसी सार्वजनिक स्थल पर पॉच से अधिक व्यक्ति एकत्रित नहीं होगें, किन्तु यह प्रतिबन्ध राष्ट्रीय, धार्मिक समारोहों एवं मृतक संस्कारों के विषय में लागू नहीं होगें, कोई भी व्यक्ति अपने मकान अथवा उसके परिसर में किसी प्रकार की ईट, रोड़ा, पत्थर इत्यादि एकत्रित नहीं करेगा और न ऐसा करने के लिये किसी को बाध्य अथवा प्रेरित करेगा, कोई भी व्यक्ति अपर जिला मजिस्ट्रेट/सम्बन्धित उप जिला मजिस्ट्रेट अथवा अधोहस्ताक्षरी से बिना पूर्व लिखित अनुमति के कोई आग्नेयास्त्र, लाठी, डण्डा, स्टीलराड, नुकीला व धारदार शस्त्र जैसे चाकू, भाला, वल्लम, बरछी, तलवार, छूरा आदि लेकर नही चलेगा, किन्तु यह प्रतिबन्ध ड्युटी पर तैनात अधिकारियो/कर्मचारियो पर लागू नही होगें तथा लाठी, डण्डे का सहारा लेकर चलने वाले वृद्धजन, दिव्यांगजन तथा कृपाण धारण करने वाले सिख समुदाय के लोग मुक्त रहेंगे, कोई भी व्यक्ति जनपद की सीमा में सार्वजनिक, धार्मिक स्थान अथवा गांवसभा की भूमि पर ऐसा कोई कार्य नहीं करेगा।
जिससे साम्प्रदायिकता अथवा वर्ग विभेद की सम्भावना उभरती हो तथा कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थानों व मार्गों पर परिवहन के साधनों से विस्फोटक पदार्थ लेकर नहीं चलेगा जनपद में कोई भी व्यक्ति जनसभा, प्रचार सभा तथा जुलूस आदि नगर मजिस्ट्रेट/सम्बन्धित उप जिला मजिस्ट्रेट की बिना पूर्व अनुमति के आयोजित नहीं प्राप्त के निकलने का स्थान, समय और मार्ग की सूचना स्थानीय पुलिस को कम से कम तीन दिन पहले दी जायेगी, कोई भी व्यक्ति अथवा व्यक्तियों का समूह न तो किसी सार्वजनिक सम्पत्ति यथा रेल, रेलपथ, बस सार्वजनिक मार्ग, बस अड्डा, विद्युत तार, खम्भे, टेलीफोन व टेलीफोन तार को न तो क्षति पहुँचायेगा और न ही ऐसा करने के लिये किसी को बाध्य अथवा प्रेरित करेगा, कोई भी व्यक्ति अथवा व्यक्तियों का समूह सार्वजनिक सम्पत्ति, सड़कों, रेलवे लाईनों, बस मार्गों अथवा सार्वजनिक मार्गों को न तो अवरूद्ध करेगा और न ही कोई अवरोधक बनायेगा।
कोई भी व्यक्ति न ऐसा करेगा और न ही किसी को ऐसा करने के लिए बाध्य एवं प्रेरित करेगा व सार्वजनिक स्थान पर बिना अनुमति के किसी प्रकार के बैनर, पोस्टर, झण्डे आदि नहीं लगाये जायेंगे, कोई भी व्यक्ति अथवा व्यक्तियों का समूह किसी भी दल विशेष अथवा धर्म, सम्प्रदाय के प्रति अमर्यादित तथा भावनाओं को भड़काने वाले भाषण नहीं करेगा और न ही बैनर, पोस्टर अथवा अन्य प्रकार से ऐसा करने के लिए किसी को उकसायेगा।उन्होने कहा है कि जनपद क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति ध्वनि विस्तारक यन्त्रों का उपयोग बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के नहीं करेगा, इसके साथ ही त्योहारो के अवसर पर अनुमन्य सीमा से अधिक आवाज में लाउडस्पीकर अथवा ध्वनि विस्तारक यन्त्र नहीजायेगा।
इसके अतिरिक्त उच्च न्यायालय लखनऊ के आदेशानुसार ध्वनि प्रदूषण (विनियमन एवं नियत्रंण) नियम में दिये गये प्रावधानों का कड़ाई से अनुपालन किया जायेगा तथा कोई भी व्यक्ति या व्यक्तियों का समूह ऐसा कोई कार्य नहीं करेगा, जिससे किसी धर्म, सम्प्रदाय, जाति के लोगों की भावना आहत हो या उनमें विद्वेश या तनाव पैदा हो एवं किसी भी अग्रणी व्यक्ति का पुतला लेकर चलना व फूंकना प्रतिबन्धित रहेगा इसलिए कलेक्ट्रेट परिसर, विकास भवन, अथवा अन्य किसी सरकारी कार्यालय के प्रांगण में कार्य दिवस में बिना अनुमति के धरना प्रदर्शन, जुलूस का कार्यक्रम आयोजित करना अथवा अनावश्यक रूप से भीड़ एकत्र करना प्रतिबन्धित किया जाता है और सायं 05 बजे के बाद उक्त परिसर में किसी भी दशा में एकत्रित होना अथवा धरना आदि के रूप में बैठना पूर्णतया निषिद्ध है और कोई भी व्यक्ति अपने बैग, झोला, अटैची अथवा वाहन को मजिस्ट्रेट अथवा पुलिस द्वारा चेक कराने से मना नहीं करेगा।
यह प्रतिबन्ध मजिस्ट्रेट, पुलिस कर्मी तथा ड्युटी पर शस्त्र धारण करने वाले अधिकारी/कर्मचारी पर लागू नही होगा तथा कोई भी व्यक्ति मदाक पदार्थाे का सेवन करके किसी सार्वजनिक स्थान पर अश्लीलता, अभद्रता अथवा आपत्तिजनक व्यवहार नही करेगा, उक्त अवधि में मनाये जाने वाले सभी त्योहार गैर पारम्परिक तरीके से नही मनाये जायेगे तथा कोई नई परम्परा स्थापित नही की जायेगी। परीक्षा केन्द्र के आस-पास 100 मी० की परिधि के अन्दर व्यक्तियों का समूह के रूप में एकत्रित होना पूर्णतया प्रतिबंधित रहेगा और परीक्षा केन्द्र के आस-पास ध्वनि विस्तारक यन्त्रों का प्रयोग तथा परीक्षा परिसर में मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस व अन्य संचार सम्बन्धी उपकरण तथा आई0टी0 गजेट्स ले जाना पूर्णतया प्रतिबंधित रहेगा तथा परीक्षा केन्द्र के आस-पास परीक्षा के दौरान 200 मी0 की परिधि के अन्दर किसी प्रकार की फोटो स्टेट मशीन आदि का संचालन नही किया जायेगा
उक्त निषेधाज्ञा दिनांक 17-07-2025 से 05-09-2025 तक की अवधि के लिए प्रभावी रहेगी और इस आदेश का उल्लंघन करना आपदा प्रबन्ध अधिनियम 2005 की धारा 51 से 60 भारतीय न्याय संहिता धारा-223 के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध है, चूंकि समय कम है और तात्कालिक आवश्यकता है, इसलिये सभी सम्बन्धित व्यक्तियों को व्यक्तिगत सूचना पृथक-पृथक दिया जाना सम्भव नहीं है, अतः यह आदेश एकपक्षीय रूप से पारित किये जाते है। झा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिये है कि इस आदेश का प्रचार एवं प्रसार जनपद के सभी प्रशासनिक मजिस्ट्रेटों के न्यायालयों के नोटिस बोर्डों पर तथा जनपद के अन्तर्गत आने वाले सभी थानों एवं नगर पालिका परिषद/नगर पंचायत कार्यालय के नोटिस बोर्डों पर चस्पा करके तथा स्थानीय समाचार पत्रों में प्रकाशित कराकर मुश्तहरी कराकर भी प्रचार किया जाये।
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